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हेमंत सोरेन सिर्फ इतना बता दें वो किस थाना क्षेत्र के निवासी हैं, उनका स्थायी पता क्या हैः बीजेपी

Ranchi: चुनावी महासमर के दौरान बीजेपी ने विपक्ष की सबसे बड़ी पार्टी जेएमएम पर एक बार फिर से बड़ा हमला किया है. इस बार बीजेपी के निशाने पर पार्टी के सर्वेसर्वा माने जानेवाले हेमंत सोरेन थे. बीजेपी प्रदेश कार्यालय में एक प्रेस व्रार्ता बुला कर कुछ कागजात के साथ प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने हेमंत सोरेन पर आरोप लगाने के बजाय उनसे कुछ सवाल किये. उन्होंने सवाल किया कि आखिर हेमंत सोरेन का स्थायी पता क्या है? वो किस थाना क्षेत्र के रहनेवाले हैं? प्रतुल ने कहा है कि राजनीति की आड़ में हेमंत सोरेन और उनका परिवार सिर्फ प्रॉपर्टी डीलिंग करने में लगा हुआ है. उन्होंने कहा कि पूरे भारत में सभी का एक स्थायी पता होता है. लेकिन हेमंत सोरेन जिस इलाके में चाहते हैं स्थायी पता बना लेते हैं.

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अपना नाम लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज कराएं हेमंत

प्रतुल शाहदेव ने हेमंत पर सीधा हमला करते हुए कहा कि एक दिन में अगर कोई 16 जमीन की रजिस्ट्री कराता है, तो निश्चित तौर पर इसे एक रिकॉर्ड माना जाएगा. उन्होंने कहा कि हेमंत सोरेन ने बोकारो के चास में एक ही दिन में 16 जमीन की रजिस्ट्री करायी है. रजिस्ट्री में पता बोकारो का है. लेकिन धनबाद और तमाम जिलों में भी जमीन खरीदने के दौरान वो दूसरे जिले का पता दर्ज कराते हैं. ऐसे में हेमंत सोरेन का नाम लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज कराना चाहिए. उन्होंने कहा कि आज बीजेपी हेमंत पर किसी तरह का कोई आरोप नहीं लगा रही, बल्कि बस इतना पूछ रही है कि अगर 16 प्लॉट की रजिस्ट्री एक दिन में कोई कराये तो उनका नाम रिकॉर्ड बुक में क्यों नहीं दर्ज हो.

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सीएनटी की बात करनेवाले की सच्चाई है ये

श्री शाहदेव ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि बात-बात पर सीएनटी एक्ट की दुहाई देनेवाले सोरेन परिवार का सच यही है कि सबसे ज्यादा सीएनटी एक्ट का उल्लंघन किसी ने किया है, तो वो हेमंत सोरेन और उनके परिवार वाले हैं. उन्होंने कहा कि सीएनटी एक्ट में यह प्रावधान है कि किसी आदिवासी की जमीन कोई आदिवासी ही ले सकता है. शर्त यह होती है कि वो उसी थाना क्षेत्र का होना चाहिए. ऐसे में हेमंत सोरेन अगर धनबाद और बोकारो में जमीन खरीदते हैं और सभी जमीन पर अलग–अलग पता है तो यह सीएनटी एक्ट का उल्लंघन है. ताज्जुब है कि सीएनटी एक्ट का उल्लंघन करनेवाला भला इतनी बार एक्ट का उल्लंघन कैसे कर सकता है.

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