न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

सावधान : जेब में रखा रह जाएगा ATM और खाते से गायब हो जाएंगे पैसे

3,645

Ranchi : एटीएम कार्ड जेब में रखा रह जाएगा और खाते से रुपये निकल जाएंगे. थोड़ा आश्चरय जरूर हो रहा होगा यह  पढ़कर लेकिन यह बिल्कुल सच है. एटीएम क्लोन के जरिये साइबर अपराधी इस तरह की घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं. इन दिनों राजधानी रांची में भी कुछ ऐसे साइवर अपराधी सक्रिय हैं जो कि एटीएम क्लोन बनाकर पैसे गायब कर रहे हैं.

एटीएम क्लोन बनाकर खाते से रुपए की निकासी करने वाले गिरोह के लोग बंगाल, बिहार व झारखंड के अन्य क्षेत्रों से राजधानी रांची आकर रुपये निकाल ले रहे हैं. गिरोह के लोग अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर एटीएम की रेकी करते हैं और  बाद रुपए की निकासी करते हैं.

बिना सुरक्षा गार्ड वाले ATM में जाकर की-पैड कर देते हैं खराब

एटीएम का क्लोन बनाकर रुपए की निकासी करने वाले गिरोह के लोग उस एटीएम को सबसे ज्यादा निशाना बनाते हैं जहां कोई सुरक्षा गार्ड नहीं रहते हैं. अपराधी बिना सुरक्षा गार्ड वाले एटीएम में जाकर सबसे पहले की-पैड खराब कर देते हैं. ऐसे में जब कोई व्यक्ति निकासी करने आता है और की-पैड ठीक से काम नहीं करता है तो मौका देखते ही मदद करने के नाम अपराधी पहुंच जाते हैं. मदद के नाम पर स्पाइ कैमरे के द्वारा एटीएम कार्ट को फोटो ले लेते हैं. और फिर उसका क्लोन बनाकर पैसे निकाल लेते हैं.

इसे भी पढ़ें- मतदाताओं को प्रलोभन देने के लिए छद्म समारोह का आयोजन अपराध : चुनाव आयोग

हाईटेक होते साइबर अपराधी

अब तक साइबर अपराधी एटीएम में गड़बडी होने की बात करके उपभोक्ताओं को झांसा देते थे और उनके खाते से रकम निकाल लेते थे. कई बार उपभोक्ताओं का कार्ड चोरी कर खाते में आसानी से सेंध लगाई जाती थी. लेकिन अब अपराधियों ने जालसाजी का हाईटेक रास्ता चुन लिया है. उनके द्वारा मशीन में अतिरिक्त स्लाट और स्पाई कैमरा लगाकर ग्राहकों की पूरी डिटेल हासिल कर ली जाती है. गौरतलब है कि राजधानी रांची के डोरंडा, मोरहाबादी, लालपुर, मेन रोड, रातू रोड, कांके, हरमू, धुर्वा सहित कई अन्य क्षेत्रों में एटीएम  क्लोन बनाकर रुपए की निकासी करने वाले गिरोह सक्रिय हैं. ऐसे गिरोह का लोग एटीएम की रेकी करते रहते हैं

इसे भी पढ़ें- एडीजी स्पेशल ब्रांच अनुराग गुप्ता को आयोग ने हटाया, दिल्ली स्थानिक आयुक्त कार्यालय भेजा

ऐसे रहें सावधान

एटीएम मशीन में कार्ड स्वैप करने वाले स्थान पर यदि स्किमर लगा है तो वह हिस्सा उठा हुआ दिखाई देगा. स्किमर एक मशीन होती है जिसमें कार्ड रीडर लगा होता है. इस स्किमर को एटीएम कार्ड रीडर में या कहीं ऊपर-नीचे लगा दिया जाता है.

यह दिखने में कार्ड रीडर स्लॉट जैसा ही होता है इसलिए मशीन में कार्ड डालने वाले को पता नहीं चलता कि उसमें स्कैमर लगा हुआ है. लेकिन अगर ध्यान से देखा जाएतो कार्ड स्वैप करने वाला हिस्सा उठा हुआ दिखाई देगा. स्कीमर को आसानी से निकाला भी जा सकता है.

एटीएम के अलावा यदि और कहीं स्पाई कैमरा लगा हो तो पक्का है कि जालसाजों ने मशीन में स्कीमर कैमरा लगाया हुआ है. ऐसे में उस मशीन का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए, साथ ही पुलिस को भी इस बात की सूचना देनी चाहिए.

इसे भी पढ़ें- फिर भारतीय सीमा में घुसे पाक के F-16 विमान, भारत ने खदेड़ा

ऐसे गिरोह पर रखी जा रही है नजर

शहर में एटीएम क्लोन बनाकर रुपए निकासी करने वाले गिरोह के बारे में सिटी एसपी का कहना है कि ऐसे गिरोह के ऊपर लगातार पुलिस नजर रख रही है. साथ ही कार्रवाई भी कर रही है. इस मामले में जो आरोपी गिरफ्तार हुए हैं उनसे मिली जानकारी के आधार पर ऐसे लोगों को गिरफ्तार करने की कोशिश की जा रही है.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like
क्या आपको लगता है हम स्वतंत्र और निष्पक्ष पत्रकारिता कर रहे हैं. अगर हां, तो इसे बचाने के लिए हमें आर्थिक मदद करें.
आप अखबारों को हर दिन 5 रूपये देते हैं. टीवी न्यूज के पैसे देते हैं. हमें हर दिन 1 रूपये और महीने में 30 रूपये देकर हमारी मदद करें.
मदद करने के लिए यहां क्लिक करें.-

you're currently offline

%d bloggers like this: