Ranchi

नक्सलियों तक पहुंचाये जा रहे पत्थर खनन में उपयोग होने वाले विस्फोटक

Ranchi: झारखंड में नियम को ताक पर रख पत्थरों का अवैध खनन किया जा रहा है. पत्थरों को तोड़ने के लिए भारी मात्रा में अवैध विस्फोटकों का इस्तेमाल होता है.

लेकिन खबर है कि इन विस्फोटकों को अब नक्सलियों तक पहुंचाया जा रहा हैं. झारखंड में अवैध विस्फोटक का कारोबार सबसे अधिक पाकुड़ जिले में हो रहा है.

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नक्सलियों की मिलीभगत से हो रहा अवैध खनन का कारोबार

जानकारी के अनुसार, झारखंड के कई नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में नक्सलियों की मिलीभगत से पत्थर कारोबारी अवैध पत्थर का कारोबार भी कर रहे हैं.

इसके लिए कारोबारी अवैध विस्फोटकों का इस्तेमाल कर रहे हैं. और यह विस्फोटक नक्सलियों तक भी पहुंचाए जा रहे हैं. मिली जानकारी के अनुसार, झारखंड में पत्थर कारोबारी बिना किसी डर के विस्फोटकों की कालाबाजारी कर रहे है. इस कालाबाजारी को सबसे ज्यादा क्रशर संचालक अंजाम दे रहे हैं.

विस्फोटक की कालाबाजारी

जानकारी के अनुसार, झारखंड में खुलेआम विस्फोटकों की कालाबाजारी होती है. लाइसेंस के अभाव में क्रशर संचालक गैरकानूनी रूप से विस्फोटकों की खरीददारी कर पत्थर की खुदाई करते हैं.

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वहीं जिन्हें विस्फोटक खरीदने का लाइसेंस है वह अपने लाइसेंस पर लिए गए विस्फोटक की कालाबाजारी करते हैं. कालाबाजारी के इस खेल में वन विभाग, खनन विभाग व पुलिस विभाग के अधिकारियों की भूमिका से इनकार नहीं किया जा सकता है.

अधिवक्ता सहित तीन हुए थे गिरफ्तार

पिछले सप्ताह नक्सलियों को विस्फोटकों पहुंचाते हुए अभियंता सहित हार्डकोर नक्सली रूपेश को गया पुलिस ने गिरफ्तार किया था. नक्सली रुपेश ने पूछताछ में स्वीकार किया कि आसपास के कई राज्यों में नक्सलियों को विस्फोटक की आपूर्ति करता था.

इससे पहले भी तीन खेप आपूर्ति कर चुका है. वह जिस टीम का सदस्य है, उसका काम विस्फोटकों की आपूर्ति करना है. इससे पहले दो दिनों तक अधिवक्ता की तलाश में रामगढ़ पुलिस हलकान रही.

अधिवक्ता मिथिलेश सिंह व रूपेश कुमार नईसराय निवासी नीरज वर्णवाल की कार किराये पर लेकर रामगढ़ से गया जिले के नक्सल प्रभावित क्षेत्र चमराबंदा इलाके में जा रहे थे.

हाल के महीने में बरामद हुए विस्फोटक

26 नवंबर 2018- रांची जिले के तुपुदाना ओपी क्षेत्र के ढूंढीगढ़ा से भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद किया गया था. वहीं,एक आरोपित को गिरफ्तार किया गया था.

9 मार्च 2019- बोकारो में वाहन चेकिंग के दौरान एक गाड़ी से भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद हुए थे. चालक समेत दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया था. पुलिस के मुताबिक, गाड़ी से पांच हजार इलेक्ट्रिक डेटोनेटर और 48 सौ जिलेटिन पावर जेल बरामद किये गये थे.

20 अप्रैल 2019- पाकुड़ जिले के पाकुड़िया थाना क्षेत्र के डोमनगढ़िया गांव के पास रात में भारी मात्रा में विस्फोटक पकड़ा गया.

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