
KHUNTI: खूंटी जिले में मंगलवार से अफीम के खिलाफ अभियान तेज कर दिया गया है. पदाधिकारियों और जवानों का हौसला अफजाई करने एसपी अमन कुमार अपने साथ एसडीपीओ वरूण रजक और खूंटी सदर थाना प्रभारी मोहन कुमार व काफी संख्या में फोर्स लेकर कुंदी के खेतों में पहुंचे थे. एसपी ने कहा कि सूचना मिली थी कि कुंदी गांव में जंगल व झाड़ियों के बीच बड़े भूखंड पर अफीम की खेती की गई है. जिसके बाद एसपी स्वंय कुंदी गांव तीन ट्रैक्टर लेकर पहुंचे. उन्होंने कहा कि यहां आने का एक उद्देश्य यह भी था कि पदाधिकारियों व जवानों को यह बताया जा सके कि अफीम विनष्टीकरण के दौरान कार्रवाई करने का तरिका क्या है, सैंपल कैसे कलेक्ट करना है और खेतों का जीआर कैसे लेना है.
पसीने से तर-ब-तर हुए एसपी व एसडीपीओ
खूंटी सदर थाना क्षेत्र के कुंदी गांव में जंगल और झाड़ियों के बीच ट्रैक्टर के माध्यम से अफीम विनष्टीकरण का काम किया जा रहा था. वहीं पेड़ों के अगल-बगल लगे अफीम के पौधे ट्रैक्टर से नष्ट नहीं हो पा रहे थे, जिसे एसपी, एसडीपीओ व थानेदार समेत उनके अंगरक्षक हाथों में छड़ी लेकर नष्ट करने का काम कर रहे थे.एक घंटे तक अफीम के पौधों को छड़ी से तोड़ते-तोड़ते एसपी समेत अन्य अधिकारी पसीने से तर-ब-तर हो गए थे.
जिले में कुल 700 पुलिस फोर्स अगले 15 दिनों तक अफीम की खेती को करेंगे नष्ट
जिले में 11 दिसंबर 2024 से लगातार अफीम के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. चार फरवरी से अगले पंद्रह दिनों तक यहां अफीम के खिलाफ बड़ा अभियान चलेगा. यह जानकारी देते हुए एसपी ने बताया कि पहले से यहां रांची से 200 अतिरिक्त फोर्स अफीम के खिलाफ कार्रवाई में लगाए गए हैं. पुलिस मुख्यालय द्वारा एक-दो दिनों के अंदर और 500 फोर्स भेजे जा रहे हैं. जिले में 20 ट्रैक्टर प्रतिदिन अफीम विनष्टिकरण में लगे हैं. इन ट्रैक्टरों की संख्या भी बढ़ाई जा रही है. इस दौरान अफीम की खेती से जुड़े लोगों की गिरफ्तारी भी होगी.
कुल 34 केस दर्ज कर 38 लोगों की की गई है गिरफ्तारी
एसपी ने बताया कि जिले में इस वर्ष विभिन्न थानों में अफीम से जुड़े कुल 34 कांड अंकित कर 38 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जिसमें 31 लोगों के खिलाफ इस वर्ष कांड अंकित है और सात अफीम से जुड़े पुराने वारंटी हैं. इन लोगों की हुई है गिरफ्तारी :
खूंटी सदर थाना: सुकू मुंडा (रीदाडीह), मंगरा मुंडा (घाघरा), पांडेया मुंडा (कोंसेया), जीतू उरांव (पोटोमगड़ा) और देवेंद्र पातर (बसाहातू).
मुरहू थाना: गोले ओड़ेया, मारा ओड़ेया (दोनो कोठाटोली), दीपक कुमार नाग (कोड़ाकेल), मनसिद्ध पाहन (कुंदी बरटोली), सुरेंद्र नायक (मारंगटोली) और जकरियस बोदरा (तुम्बाकेल).
अड़की थाना: गुरूदेव नाग (बाड़ीनिजकेल), लक्ष्मण स्ंवासी व बिरसा स्वांसी (दोनो मारंगबेड़ा), बुधू मुंडा (दुंदूपिड़ी), चिरू मुंडा (बडानी), बगराय मुंडा व सिरित तिडू (दोनो कुरूंगा).
सोयको थाना : सिमोन नाग (रोंगो मुंडाटोली), बहनु पाहन उर्फ सोमा व सोहराई पाहन (दोनो सालेहातू, टोला बारूहातू), लखीमनी देवी (पीड़ीहातू) व मंगरा पाहन (आंडीडीह).
मारंगहादा थाना: जोहन टुटी (डेव), मनी लोहरा (संडासोम), बिरसा मुंडा (उटरूंग), जोटो मुंडा (जोजोहातू), बोडा मुंडा (सालेहातू) और दसाय मुंडा (सरजोमा).
अब तक चलाए गए जागरूकता कार्यक्रम
गृह सचिव वंदना डांडेल व डीजीपी अनुराग गुप्ता द्वारा खूंटी नगर भवन में ग्रामप्रधानों व मुखिया को किया गया जागरूक. प्रत्येक थाना के माध्यम से पांच-पांच सौ पंपलेट बांटे गए. 1000 चॉकलेट बांटे गए, जिसके रेपर पर अफीम के प्रति जागरूकता के संदेश लिखे थे. विभिन्न प्रखंडों में मुखिया, ग्रामप्रधान, पंचायत समिति सदस्यों को जागरूक किया गया और अभियान में साथ देने की अपील की गई.बीडीओ व सीओ के द्वारा प्रत्येक प्रखंड के सौ-सौ गांवों में जागरूकता अभियान चलाया गया.
एसपी अमन कुमार की अपील
ग्रामीण स्वंय अपने खेतों में लगे अफीम की फसलों को विनष्ट कर दें. अगर गांव में पुलिस पहुंची और पुलिस के द्वारा अवैध अफीम की फसलों को विनष्ट किया गया, तो निश्चित है कि रैयत के खिलाफ एफआईआर होगा. खेतों का जीआर लिया जा रहा है, जिसके आधार पर सीओ के द्वारा खाता-प्लॉट नम्बर उपलब्ध कराया जा रहा है.
जानिए कहां कितने अफीम नष्ट हुए
खूंटी सदर थाना क्षेत्र में पुलिस द्वारा 497.95 एकड़ व ग्रामीणों द्वारा 18 एकड़. मुरहू में पुलिस द्वारा 768.53 एकड़ व ग्रामीणों द्वारा 43 एकड़. अड़की में पुलिस द्वारा 779.19 एकउ़ व ग्रामीणों द्वारा 175 एकड़. सोयको थाना क्षेत्र में 670.5 एकड़ पुलिस द्वारा व ग्रामीणों द्वारा 111 एकड़. मारंगहादा थाना क्षेत्र में पुलिस द्वारा 529.5 एकड़ और ग्रामीणों द्वारा 101 एकड़. कर्रा थाना क्षेत्र में पुलिस द्वारा 43.07 एकड़ और ग्रामीणों द्वारा 28 एकड़ तथा तपकरा थाना क्षेत्र में ग्रामीणों द्वारा 50 डिस्मील में लगे अफीम के अवैध फसलों को विनष्ट किया गया है. 60 गांवों के ग्रामीणों ने कुल 476.5 एकड़ में लगे अफीम की फसलों को स्वंय नष्ट किया है.





