न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें
bharat_electronics

झारखंड बीजेपी के इन पांच चेहरों ने निभायी जीत में बड़ी जिम्मेदारी

4,024

Ranchi: लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने झारखंड के 14 में से 11 सीटों पर जीत दर्ज की. वहीं एक सीट सहयोगी आजसू के खाते में गयी. एनडीए ने कुल 12 सीटों पर कब्जा जमाया. देखा जाये तो बीजेपी ने झारखंड में वर्ष 2014 में मिली 12 सीटों के नंबर को कायम रखा. लेकिन वोट प्रतिशत बढ़ाने में जरूर कामयाब हुई. खूंटी, लोहरदगा और दुमका लोकसभा क्षेत्र को छोड़ कर शेष 9 लोकसभा क्षेत्रों में जीत का अंतर बहुत बढ़ा है. वैसे तो इस सफलता के पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह और झारखंड के मुख्यमंत्री रघुवर दास की मेहनत तो है ही, कुछ वैसे चेहरे भी हैं, जिन्होंने चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह महत्वपूर्ण भूमिका निभायी. जिसके कारण झारखंड में भाजपा को 14 में से 11 सीटें मिलीं.

mi banner add

इसे भी पढ़ें – सरायकेलाः सर्च ऑपरेशन पर निकले जवानों पर हमला, IED ब्लास्ट में 17 जवान घायल, भाजपा ने की निंदा, देखें तस्वीर

जिन लोगों ने चुनाव के दौरान झारखंड में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी, उनमें मुख्यमंत्री रघुवर दास के बाद अगर किसी का नाम आता है, तो पहला नाम संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह का आता है. धर्मपाल सिंह चुनाव के दौरान झारखंड में ही डटे रहे. जिस क्षेत्र में चुनाव होता था, उस क्षेत्र में ही लगातार रहे. चुनाव खत्म होते ही अगले चरण के चुनाववाले क्षेत्र में लगातार कैंप किया. इस दौरान वह संगठन के निचले स्तर तक के कार्यकर्ताओं से बात करके जमीनी स्तर पर काम कराते रहे.

इसे भी पढ़ें – बेगूसरायः पहले पूछा नाम,धर्म फिर गोली मार कहा-पाकिस्तान चले जाओ

दूसरे नंबर पर राज्यसभा सांसद महेश पोद्दार का नाम आता है. महेश पोद्दार के जिम्मे प्रचार-प्रसार का काम था. लगातार दिल्ली में रहने के बाद वह चुनाव शुरू होने से ठीक पहले रांची पहुंचे. होर्डिंग, बैनर, पोस्टर, झंडा, विज्ञापन का काम उनके स्तर से संचालित किया गया. ऐसा पहली बार देखा गया, जब संथाल परगना में झामुमो से अधिक बैनर, पोस्टर व झंडे भाजपा के दिखे.

इसे भी पढ़ें – झारखंड पर 85234 करोड़ कर्जः 14 साल की सरकारों ने लिये 37593.36 करोड़, रघुवर सरकार ने 5 साल में ही ले लिया 47640.14 करोड़ का ऋण

तीसरे नंबर पर प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव का नाम आता है. प्रतुल शाहदेव को पलामू, चतरा व लोहरदगा सीट की की जिम्मेदारी दी गयी थी. चुनाव से 10 दिन पहले से ही वह इन इलाकों में सक्रिय रहे. संगठन महामंत्री के काम में सहयोग किया. साथ ही प्रदेश स्तर पर पार्टी की बातों को मीडिया में मजबूती के साथ रखने का काम किया. विपक्ष पर लगातार हमलावर रह कर प्रतुल शाहदेव ने संगठन की बातें आम लोगों तक पहुंचायीं.

Related Posts

BOI में घुसे चोर, कैश वोल्ट तोड़ने की कोशिश नाकाम, कुछ सिक्के ले भागे

बैंक के आमाघाटा ब्रांच की घटना, मुख्य दरवाजा तोड़कर अंदर घुसे चोर, ग्रिल भी तोड़ा

इसे भी पढ़ें – टीएमसी के दो और सीपीएम का एक विधायक भाजपा में शामिल, कई पार्षदों ने भी ली सदस्यता

चौथे नंबर पर संगठन मंत्री दीपक प्रकाश का नाम आता है. वैसे देखा जाये, तो दीपक प्रकाश लगातार पार्टी के राज्य मुख्यालय में ही रहे. क्योंकि उनका काम को-आर्डिनेशन का था. दीपक प्रकाश ने पार्टी के पंचायत से लेकर जिला कमेटी और सहयोगी दलों व संगठनों के साथ ताल-मेल बैठाने का काम बखूबी निभाया.

इसे भी पढ़ें – डॉ. तड़वी के परिजनों का आरोप- ‘ये आत्महत्या नहीं हत्या है’, हॉस्पीटल के बाहर प्रदर्शन

पांचवें नंबर पर पार्टी के उपाध्यक्ष प्रदीप वर्मा का नाम आता है. प्रदीप वर्मा को संथाल परगना की जिम्मेदारी दी गयी थी. इस लोकसभा चुनाव में झामुमो के गढ़ माने जानेवाले संथाल परगना में भाजपा की मजबूत स्थिति बनाने में प्रदीप वर्मा ने काफी मेहनत की. वैसे राज्य सरकार शुरू से ही संथाल परगना में झामुमो के गढ़ को ध्वस्त करने के लिए सक्रिय थी. लेकिन पार्टी के कई लोग प्रदीप वर्मा की मेहनत की तारीफ कर रहे हैं.

इसे भी पढ़ें – मजबूर पारा टीचरः हाथ में चॉक व कलम की जगह ईंट व छड़ ढ़ोते मिले मास्टर साहेब (सुनें क्या कहा पारा टीचर धनेश्वर प्रसाद ने)

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

dav_add
You might also like
addionm
%d bloggers like this: