
Palamu / Garhwa: पलामू प्रमंडल में पिछले 24 घंटे से मौसम खराब है. रुक-रुक कर बारिश हो रही है. इस दौरान वज्रपात और ओलावृष्टि होने से जान-माल को भारी नुकसान पहुंचा है.
पलामू और गढ़वा दोनों जिलों में बड़े पैमाने पर जहां रबी फसल को नुकसान हुआ है, वहीं सोमवार की रात से मंगलवार की दोपहर तक तीन महिलाओं की मौत हो गयी. इनमें 15 वर्षीय छात्रा भी शामिल है. एक किशोर वज्रपात से जख्मी हुआ है.
गढ़वा जिले के मेराल थाना के खोलरा गांव में मंगलवार को बेमौसम हुई आफत की बरसात में दो लोगों की मौत हो गयी तथा एक बच्चा घायल हो गया. दोपहर 1.30 बजे तेज आंधी के साथ पानी तथा ओलावृष्टि के दौरान वज्रपात हुआ, जिसमें संतोष भुइयां की पत्नी लालती देवी (35वर्ष) तथा उसी गांव के बल्ली चौधरी की 15 वर्षीय पुत्री सोनी कुमारी की मौत घटनास्थल पर हो गयी. मृतका का 7 वर्षीय पुत्र रोहित कुमार घायल हो गया.
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मेदिनीनगर में वृद्ध महिला की मौत
पलामू जिला मुख्यालय मेदिनीनगर के शास्त्री नगर (भट्टी मुहल्ला) शिवाला रोड में मुन्ना मियां के घर का छज्जा तेज बारिश के कारण गिर गया. मलबे में दबने से बगल की एक वृद्ध महिला गंभीर रूप से घायल हो गयी. इलाज के दौरान उसने देर रात दम तोड़ दिया.
हर तरफ बर्फ ही बर्फ
मंगलवार की सुबह तेज बारिश के साथ भारी ओलावृष्टि हुई. इससे पहाड़, खेत, घर की छत से लेकर सड़कों तक हर तरफ बर्फ ही बर्फ नजर आयी. ऐसे में लोगों ने गांव में ही कश्मीर और हिमाचल प्रदेश सा नजारा दिखने की बात कहते दिखे. इधर, भारी ओलावृष्टि से खेतों में लगी रबी की फसल प्रभावित हुई है. किसानों की मानें तो पैदावार पर काफी प्रतिकूल असर पड़ना अब तय है. पूरे साल की मेहनत पर पानी फिर गया है.
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क्षति देखने गांव-गांव पहुंचे उपायुक्त
पलामू के उपायुक्त डॉ शांतनु कुमार अग्रहरि ने कई गांवों में पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया और सभी बीडीओ व सीओ को उनके क्षेत्र में हुई क्षति का आकलन करने का निर्देश दिया, ताकि आपदा राहत कोष से संबंधितों को उचित मुआवजा दिया जा सके.
ठंड लौटी, ठिठुरन बढ़ी
मौसम परिवर्तन के बाद इस क्षेत्र में ठंड और ठिठुरन लौट आयी है. जिला मुख्यालय मेदिनीनगर समेत चैनपुर, सतबरवा, लेस्लीगंज, पाटन आदि प्रखंड क्षेत्र में सुबह करीब 7.35 बजे अचानक काले बादल छा गये. इससे काफी अंधेरा हो गया. कुछ देर बाद ही तेज बारिश व हवा चलनी शुरू हो गयी. साथ में ओलावृष्टि भी हुई. इससे शहर व ग्रामीण क्षेत्र का पूरा जीवन ठहर सा गया.
चैनपुर में फसलों को भारी नुकसान
जिला मुख्यालय मेदिनीनगर से सटे चैनपुर प्रखंड क्षेत्र में बारिश के दौरान भारी बर्फबारी हुई. बर्फ के बड़े बड़े ओले गिरे, जिसे देखने के लिए लोगों की भीड़ जुटी रही. चैनपुर के मंगरदाहा में गिरे बड़े बड़े बर्फ के ओले दो से तीन घंटे तक कोयल नदी में पड़े रहे. इसी तरह बंदुआ पहाड़ी, कुदागा, सेमरा, नेउरा में खेत से लेकर सड़क तक बर्फ की सफेद चादर बिछी नजर आयी.
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