
Ranchi: झारखंड के सरकारी शिक्षकों के ट्रांसफर को लेकर स्थानांतरण पोर्टल बनाया गया है. इसपर शिक्षकों का डाटा अपलोड करना है. अपलोड कराए जा रहे डाटा में काफी त्रुटियां पाई जा रही है. इसका खुलासा रांची जिला शिक्षा अधीक्षक मिथलेश केरकेट्टा के पत्र से हुआ है. उन्होंने रांची 1 और 2 के अवर विद्यालय निरीक्षक और सभी प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी को इस बाबत पत्र लिखा है. विवरणी की जांच और सत्यापन के बाद पुनः संशोधन कर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं. जिला शिक्षा अधीक्षक ने लिखा है कि विभाग के निर्देश के अनुसार जिले के प्रारंभिक शिक्षकों के स्थानांतरण के लिए शिक्षक स्थानांतरण पोर्टल का निर्माण किया गया है. संबंधित शिक्षकों का स्थानांतरण पोर्टल के माध्यम ही किया जाना है. इसके लिए आपके द्वारा उपलब्ध कराये गये सभी कार्यरत शिक्षकों से संबंधित डेटा पोर्टल पर अपलोड किया गया था. इसमें समीक्षा के क्रम में त्रुटियां पायी गयी है, जो अत्यंत खेद का विषय है.
शिक्षक से संबंधित विवरणी एक बार फिर एक्सल सीट में सॉफ्ट कॉपी आपको वापस करते हुए निर्देश दिया जाता है कि सभी शिक्षकों से संबंधित सभी कॉलम और सभी प्रकार की जानकारियों से संबंधित डेटा को एक बार फिर सुक्ष्मता पूर्वक गहन जांच करें. स्पष्ट और सही प्रतिवेदन अधोहस्ताक्षरी कार्यालय को हार्ड एवं सॉफ्ट कॉपी उपलब्ध करायेंगे.
आपके क्षेत्र के अधीन प्रखंड के किसी भी विद्यालय में कार्यरत किसी भी शिक्षक का नाम यदि छूट गया है तो एक्सल सीट के नीचे शिक्षक का नाम जोड़ते हुए सभी कॉलम भरेंगे. सभी संबंधित शिक्षक को सभी कॉलम में दी गयी जानकारी की जांच करेंगे. यदि कोई कॉलम खाली है तो उसमें संबंधित जानकारी भरेंगे. यदि दी गयी कॉलम में कोई जानकारी या त्रुटि में कोई गलती है तो उसे यहीं सुधार करेंगे.
विद्यालय के नाम उनके जोन और विद्यालय के प्रकार एवं शिक्षकों के सीपीएफ / जीपीएफ / प्रान नंबर के कॉलम को विशेष रूप से जांच करने की आवश्यकता है. इस प्रकार संपूर्ण कार्य पूर्ण करते हुए उसका हार्ड कॉपी के सभी पन्ने में अपना हस्ताक्षर करेंगे. अंतिम पन्ने में यह प्रमाण दिया जायेगा कि किसी भी विद्यालय में कार्यरत किसी भी शिक्षक का नाम नहीं छूटा है. सभी शिक्षकों से संबंधित सभी प्रविष्टियां पूर्ण कर ली गयी है. सभी शिक्षकों के सभी कॉलम में दी गयी जानकारी पूर्णतः सत्य एवं सही है. इसकी संपूर्ण जवाबदेही मेरी होगी.




