
Ranchi: बाघमारा विधायक ढुल्लू महतो के निर्वाचन को चुनौती देनेवाली जलेश्वर महतो की चुनाव याचिका की सुनवाई शुक्रवार को झारखंड हाइकोर्ट में हुई. मामले में जलेश्वर महतो द्वारा ढुल्लू महतो के गवाह संख्या एक शत्रुघ्न महतो को फिर से गवाही के लिए बुलाए जाने को लेकर दिए गए आवेदन पर जवाब दाखिल करने के लिए ढुल्लू महतो की ओर से 2 सप्ताह समय की मांग की गई . यहां बता दें कि पूर्व में कुछ कारणों से शत्रुघ्न महतो का प्रति परीक्षण नहीं हो सका था. कोर्ट ने मामले की सुनवाई 19 मई निर्धारित की है. मामले की सुनवाई हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति अनिल कुमार चौधरी की कोर्ट में सुनवाई हुई. ढुल्लू महतो की ओर से अधिवक्ता अजय शाह, विभास कुमार सिन्हा ने पैरवी की. वही जलेश्वर महतो की ओर से अधिवक्ता अरविंद कुमार लाल ने पैरवी की. बता दें कि जलेश्वर महतो ने ढुल्लू महतो के निर्वाचन को रद्द करने का आग्रह किया है. याचिका में कहा गया है कि जिस समय ढुल्लू महतो ने अपना नामांकन जमा किया था उस समय वे डिसक्वालिफाइड थे, क्योंकि उनको अलग-अलग धाराओं में सजा हुई है वह कुल मिलाकर 2 साल से ज्यादा का समय हो जाता है. सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले को आधार बनाते हुए कहा गया है कि ढुल्लू महतो का नामांकन रद्द होना चाहिए. रिटर्निंग ऑफिसर को उसी समय ढुल्लू महतो का नामांकन कर रद्द कर देना चाहिए था, लेकिन उन्होंने नहीं किया. याचिका में यह भी कहा गया था बहुत से बूथ जैसे बूथ नंबर 266 में 600-700 वोट पड़े थे लेकिन रिटर्निंग ऑफिसर ने उसे जीरो दिखाया था. प्रार्थी जलेश्वर महतो की ओर से कहा गया है कि वे बहुत कम मतों के अंतर से हारे हैं, इसलिए ढुल्लू महतो के निर्वाचन को रद्द कर कुछ बूथों पर पुनर्मतदान करायी जाये. अगर पुनर्मतदान होता है तो जलेश्वर महतो की जीत होगी.
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