
Ranchi : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से खनन मामले में हुई ईडी पूछताछ के विरोध में हजारों कार्यकर्ता पिछले दो दिनों से रांची में जुटे हुए हैं. पारंपरिक नृत्य गीत के जरिए कार्यकर्ता केंद्र सरकार का विरोध कर रहे हैं. झामुमो के सभी कार्यकर्ता सीएम को समर्थन देने के लिए एकजुट हैं. जनआक्रोश रैली का आज दूसरा दिन है. मुंडारी नृत्य के जरिए दूसरे जिले से आये कार्यकर्ताओं ने अपना विरोध जताया. “हेमंत सोरेन दादा चइल के आलंय पगडंडे, एहे हमर नेता लागंये सोना झारखंड…..” गीत बजा कर कार्यकर्ता और गढ़वा से आये कलाकारों ने नृत्य पेश किया. दिन भर गाने-बजाने का दौर चलता रहा. कार्यकर्ताओं ने इसे जनाक्रोश मार्च का नाम दे दिया है. जेएमएम आक्रोश मार्च के तहत राज्य के तमाम जिलों में अलग-अलग जत्था रांची सीएम आवास पहुंचा. भारी संख्या में जेएमएम कार्यकर्ता हाथों में तख्ती, बैनर पोस्टर लिए हुए ईडी की कार्रवाई का विरोध करते नजर आ रहे हैं. इसके अलावा कार्यकर्ता केंद्र और केंद्रीय एजेंसियों के विरोध में भी जम कर नारेबाजी कर रहे हैं. वहीं, जिला स्तर पर सारे नेता और कार्यकर्ता लगातार केंद्र की भाजपानीत सरकार को कोस रहे हैं. सांसद विजय हांसदा ने कहा कि झारखंड सही हाथों में है. राज्य का मसीहा हेमंत सोरेन ही हैं. उन्होंने कहा कि हेमंत सोरेन द्वारा किये गये कार्यों से विपक्ष के अंदर घबराहट होने लगी है. इसी तरह काम करते रहे तो 2024 के चुनाव में सारे विपक्षियों के लिए मुश्किल खड़ी हो जायेगी. वहीं, मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि रांची में जेएमएम का आक्रोश मार्च सड़कों पर दिख रहा है, वह पूरे राज्य में है क्योंकि एक चुनी हुई लोकप्रिय सरकार को केंद्र के इशारे पर परेशान किया जा रहा है, इसी का विरोध किया जा रहा है.
इसे भी पढ़ें – कल्पना सोरेन होंगी मेरी प्राथमिकता, जरूरत पड़ी तो सीट छोड़ देंगेः इरफान



