
Kolkata : बंगाल में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 32,000 के पार हो गया है और 980 लोगों की मौत हो चुकी है. पिछले कुछ दिनों से हर रोज करीब डेढ़ हजार नये मामले आ रहे हैं. राज्य सरकार कोरोना से निपटने को लेकर तमाम दावे कर रही है लेकिन हकीकत कुछ और ही है.
राज्य के कई जिलों से लगातार बेड नहीं मिलने व इलाज नहीं होने के कारण कोरोना से मौत की खबरें आ रही हैं. दूसरी ओर राज्य सरकार की वेबसाइट पर दावा किया जा रहा है कि हजारों बेड खाली हैं. राज्य स्वास्थ्य विभाग की वेबसाइट पर मंगलवार को जारी आंकड़े पर ही नजर डालें तो इसके अनुसार कोरोना के इलाज के लिए नामित 80 सरकारी अस्पतालों में कुल 10832 बेड उपलब्ध हैं, जिनमें 7459 बेड खाली हैं. वहीं, राज्य में कोरोना के एक्टिव मरीजों की बात करें तो इनकी संख्या 11927 है. वहीं निजी अस्पतालों की बात करें तो 36 अस्पतालों में 1757 उपलब्ध हैं. इधर, सरकारी अस्पतालों में इतनी बड़ी संख्या में कोरोना के जो खाली बेड दिखाये जा रहे हैं, वह कई तरह के सवाल खड़े कर रहे हैं.
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दरअसल, एक दिन पहले भी खबर आयी कि उत्तर 24 परगना जिले के कोरोना संक्रमित एक युवक को चार अस्पतालों से वापस घुमा दिया गया. अंत में जब एक अस्पताल में उसकी भर्ती हुई तब तक उसकी मौत हो चुकी थी. इसी तरह हुगली जिले में 60 वर्षीय एक कोरोना संक्रमित महिला की इलाज नहीं होने की वजह से घर में ही मौत हो गयी. महिला 4 दिनों तक अस्पताल के चक्कर काटती रही लेकिन अंत में घर में ही दम तोड़ दिया. इस प्रकार की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं.
ऐसे में राज्य सरकार के दावों पर सवाल उठना लाजमी है. इलाज के चक्कर में किसी मरीज की मौत ना हो इस तरफ राज्य सरकार को ध्यान देना होगा. साथ ही जिस तरह राज्य में लगातार नये मामले बढ़ रहे हैं उसको देखते हुए पर्याप्त संख्या में बेडों की व्यवस्था करनी होगी.
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पश्चिम बंगाल सरकार के मंत्री की पत्नी कोरोना पॉजिटिव
पश्चिम बंगाल के उपभोक्ता मामलों के मंत्री साधन पांडे की पत्नी के मंगलवार को कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि हुई. उनको होम आइसोलेसन में ही रखा गया है. तृणमूल कांग्रेस के वयोवृद्ध नेता की पत्नी के कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि ऐसे समय हुई है जब कुछ दिनों पहले ही उनके भाई की कोविड-19 की वजह से यहां के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गयी थी. साधन पांडे ने बताया कि मेरी पत्नी कोरोना वायरस से संक्रमित है और घर पर ही पृथकवास में है. मेरा साला भी कोविड-19 की बीमारी से ग्रस्त था और शनिवार को उसकी मौत हो गयी थी. साधन पांडे की उम्र 69 वर्ष है और वह स्वयं उम्र संबंधी कई बीमारियों से ग्रस्त हैं लेकिन उनकी कोविड-19 जांच रिपोर्ट निगेटिव आयी है. उन्होंने कहा कि चूंकि मेरा दो मंजिला मकान है, इसलिए मैंने और मेरी पत्नी ने अलग-अलग तल पर रहने का फैसला किया है. श्री पांडे ने कहा कि उनकी जल्द ही दूसरी जांच होगी.
पश्चिम बंगाल में चिह्नित निषिद्ध क्षेत्रों में 19 जुलाई तक लॉकडाउन
पश्चिम बंगाल सरकार ने मंगलवार को निषिद्ध क्षेत्रों में लॉकडाउन की अवधि 19 जुलाई तक बढ़ा दी. गृह विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के मुताबिक कोरोना वायरस से संक्रमण के मामलों की वजह से घोषित निषिद्ध क्षेत्र में लॉकडाउन की अवधि 15 जुलाई से बढ़ा कर 19 जुलाई कर दी गयी है. गृह विभाग ने बताया कि ये निषिद्ध क्षेत्र कोलकाता में और उसके आसपास के इलाकों में स्थित हैं. इसके अलावा जलपाईगुड़ी, मालदा, कूच बिहार, रायगंज और सिलिगुड़ी में निषिद्ध क्षेत्र हैं. कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के मद्देनजर 9 जुलाई की शाम पांच बजे से निषिद्ध क्षेत्रों में पूर्ण लॉकडाउन लागू किया गया था. गृह विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के मुताबिक कोरोना वायरस से संक्रमण के मामलों की वजह से घोषित निषिद्ध क्षेत्र में लॉकडाउन की अवधि 15 जुलाई से बढ़ा कर 19 जुलाई कर दी गयी है.
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