
Nikhil Kumar
Ranchi: नगर विकास विभाग ने बड़ा तालाब के सौंदर्यीकरण के फेज-1 के लिए आवंटित राशि का उपयोगिता प्रमाण पत्र एवं भाौतिक प्रगति के संबंध में अपडेट रिपोर्ट रांची नगर निगम से मांगा है. इस संबंध में रांची नगर आयुक्त को विभाग ने पत्र लिखा है. बड़ा तालाब सौंदर्यीकरण योजना के तहत नगर विकास विभाग ने 25 फरवरी 2016 को ही पहले फेज में 14.89 करोड़ रुपये आवंटित किया था. विभाग ने इससे पहले भी पूरी रिपोर्ट मांगी थी,जिसके बाद नगर आयुक्त की ओर से यह जानकारी दी गयी कि इस मूल योजना के आंशिक कार्यान्वयन एवं बैलेंस वर्क के कार्यान्वयन में कुल 14,86,13,000 रुपये व्यय हुए हैं.
रांची नगर निगम ने इसके बाद बैलेंस वर्क के कार्यान्वयन में हुए विचलन के लिए कुल 40.69,716 रुपये की अधियाचना भेजी गयी. नगर विकास विभाग ने इस पर रांची नगर निगम से पूछा है कि पूर्व में निगम को राशि जो आवंटित कुल 14,89,13000 रुपये की उपयोगिता प्रमाण विभाग को अपेक्षित है. ऐसे में नगर विकास विभाग ने वांछित उपयोगिता प्रमाण अविलंब उपलब्ध कराने को कहा है ताकि अधियाचना की राशि दी जायेगी.
बड़ा तालाब सौंद्रयीकरण योजना के तहत हुए काम
रांची नगर निगम (आरएमसी) ने 14.89 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत के साथ झील के संरक्षण की योजना तैयार की गयी थी. क्योंकि वर्षों से झील अनुपचारित सीवर के पानी और निवासियों द्वारा फेंके गए कचरे के कारण प्रदूषित हो गई थी. रांची हिल के आधार पर स्थित 53 एकड़ की मानव निर्मित झील समुद्र तल से 2,100 फीट ऊपर झील को 1842 में एक ब्रिटिश एजेंट कर्नल ओनस्ली और उनके लोगों द्वारा खोदा गया था. आरएमसी ऐतिहासिक झील को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की योजना पर चल रहा है. इसमें काफी काम हो चुका है. लेकिन अभी तक यह कार्य पूरा नहीं हुआ है. जिसमें एक फूड कोर्ट, एक जॉगिंग ट्रैक, बिजली और झील का भूनिर्माण शामिल है. झील को तीन चरणों में विकसित किया गया है. चारदीवारी, पैदल पथ, प्रकाश व्यवस्था और बैठने की व्यवस्था समेत कई अन्य सौंदर्यीकरण कार्य जैसे बुनियादी ढांचे का निर्माण किया जा रहा है.




