
Washington : अमेरिका और चीन के बीच ट्रेड वार थम नहीं रहै है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हमला बोलते हुए चीन की ओर से नये शुल्क लगाने की योजना पर त्वारित जवाबी कार्रवाई की बात कही है. जान लें कि ट्रंप ने मेरिकी कंपनियों से चीन छोड़ने को कहा है. इस क्रम में ट्रंप ने कहा कि हमें चीन की जरूरत नहीं है. कहा कि अगर ईमानदारी से कहूं तो हम उनके बिना बहुत बेहतर होंगे. व्यापार युद्ध पहले ही अमेरिका की प्रगति की गति कम कर चुका है और वैश्विक अर्थव्यवस्था को कमजोर किया है शेयर बाजारों की भी हालात खराब की है.
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चीन ने अरबों डॉलर कीमत की बौद्धिक संपदा चुराई
ट्रंप ने आरोप लगाया कि अमेरिका को इतने सालों में चीन में खरबों डॉलर का नुकसान हुआ है. चीन ने एक साल में अरबों डॉलर कीमत की हमारी बौद्धिक संपदा चुराई है और वे यह जारी रखना चाहते हैं, लेकिन मैं यह नहीं होने दूंगा. उन्होंने कहा कि हमारी महान अमेरिकी कंपनियों को आदेश दिया जाता है कि वे चीन का विकल्प देखना शुरू कर दें और वे वापस देश आने का भी विकल्प रखें तथा अमेरिका में अपने उत्पाद बनायें.
जान लें कि इससे पूर्व चीन ने शुक्रवार को घोषणा की कि वह अमेरिका से आयात किये जाने वाले 75 अरब डॉलर के उत्पादों पर दस प्रतिशत का जवाबी शुल्क लगायेगा. इससे पहने ट्रंप सरकार ने 15 अगस्त को घोषणा की थी कि अमेरिका 300 अरब डॉलर के चीनी उत्पादों पर दस प्रतिशत का अतिरिक्त शुल्क लगायेगा. यह शुल्क दो चरणों, एक सितंबर और 15 दिसंबर को लागू होंगे. इसी के जवाब में चीन ने अमेरिका में बने वाहनों और कलपुर्जों पर 25 प्रतिशत या 5 प्रतिशत का अतिरिक्त शुल्क लागू करने की घोषणा की है.




