
Ranchi: झारखंड उच्च न्यायालय में गुरुवार को मुख्य न्यायमूर्ति डॉ रवि रंजन और न्यायमूर्ति सुजीत नारायण प्रसाद की खंडपीठ ने रिम्स के सुधार एवं कोविड-19 से संबंधित जनहित याचिका पर सुनवाई की.
सुनवाई के दौरान उन्होंने रिम्स की लचर व्यवस्था पर भी दुख जताया. हाइकोर्ट ने रिम्स को जल्द से जल्द डॉक्टर, पारा मेडिकल स्टॉफ और नर्सों की कमी को दूर करने के निर्देश दिये हैं. इसके अलावा रिम्स को निर्देशित किया गया है कि ऐसी व्यवस्था करे जिससे किसी भी मरीज को किसी तरह के जांच के लिए रिम्स परिसर से बाहर न जाना पड़े.
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इसके अलावा रिम्स के ट्रामा सेंटर में निर्बाध ऑक्सीजन सप्लाई के पर ध्यान देने के निर्देश दिये गये हैं. हाइकोर्ट ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया है कि 24 घंटे के अंदर कोविड से संबंधित सभी रिपोर्ट आ जाये. ताकि संक्रमण को फैलने से रोका जा सके.
सुनवाई के दौरान राज्य सरकार के स्वास्थ्य सचिव डॉ नितिन मदन कुलकर्णी और रिम्स की प्रभारी निदेशक डॉ मंजू गाड़ी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित होकर खंडपीठ को सभी स्थितियों से अवगत कराया.
इस मामले पर अगली सुनवाई 6 नवंबर को निर्धारित की गयी है. हाइकोर्ट ने पिछले सुनवाई के दौरान स्वास्थ्य सचिव और रिम्स डायरेक्टर को उपस्थित होने का आदेश दिया था.
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