न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

पाकुड़ शहर में डीसी के खिलाफ पोस्टरबाजी, जूनियर इंजीनियर और खनन पदाधिकारी के साथ मिलकर भ्रष्टाचार करने का आरोप

पाकुड़ डीसी दिलीप कुमार झा ने 31 जुलाई को जल संसंधान के अपर मुख्य सचिव को एक चिट्ठी लिखी. चिट्ठी में पाकुड़ डीसी कनीय अभियंता मदन मोहन सिंह के ट्रांस्फर को रोकने की बात कर रहे हैं.

2,258

Ranchi/Pakur: किसी भी जिले में कई जूनियर इंजानियर होते हैं. लेकिन ऐसा कम ही होता है कि किसी जूनियर इंजीनियर का ट्रांस्फर रोकने के लिए खुद डीसी विभाग के अपर मुख्य सचिव को चिट्ठी लिखे. ऐसा हुआ है. पाकुड़ डीसी दिलीप कुमार झा ने 31 जुलाई को जल संसंधान के अपर मुख्य सचिव को एक चिट्ठी लिखी. चिट्ठी में पाकुड़ डीसी कनीय अभियंता मदन मोहन सिंह के ट्रांस्फर को रोकने की बात कर रहे हैं. प्रशासनिक गलियारे में इस बात की चर्चा जोरों पर है कि आखिर एक जूनियर इंजीनियर का ट्रांस्फर रोकने के लिए जिले के डीसी को विभाग के आला अधिकारी को चिट्ठी लिखने की क्या जरूरत पड़ी. पाकुड़ डीसी दिलीप कुमार कुछ ऐसे ही मामलों को लेकर काफी चर्चा में हैं. शायद वो पहले डीसी होंगे, जिनके खिलाफ शहर में पोस्टरबाजी हो रही है. पूछा जा रहा है कि आखिर सहायक खनन पदाधिकारी और डीसी के बीच कैसे मधुर रिश्ते हैं.

इसे भी पढ़ें – पाकुड़ डीसी की PMO में शिकायत- डीसी के तानाशाही रवैये से विकास कार्य ठप, हो न्यायिक जांच

जूनियर इंजीनियर के जिम्मे काफी काम, रहने दें पाकुड़ में

पाकुड़ डीसी दिलीप कुमार झा ने जल संसाधन विभाग के अपर सचिव को जिले में कार्यरत कनीय अभियंता के ट्रांस्फर को रोकने के लिए चिट्ठी लिखी है. डीसी ने अपने पत्र में लिखा है कि मदन मोहन सिंह कनीय अभियंता का तबादला मेदनीनगर कर दिया गया है. लिखा है कि कार्यपालक अभियंता ने डीसी पाकुड़ को चिट्ठी लिखकर बताया है कि कनीय अभियंता मदन मोहन सिंह के पास कई महत्वपूर्ण काम हैं. एकलव्य विद्यालय और आश्रम के साथ-साथ मुख्यमंत्री ग्राम सेतू योजना भी इसी कनीय अभियंता के जिम्मे है. इसलिए मदन मोहन सिंह का तबादला रोक दी जाए. इनके तबादले से काम में काफी असर पड़ेगा. ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि क्या राज्य में बाकी कनीय अभियंताओं के पास काम ही नहीं है. क्या राज्य सरकार के अधीन काम कर रहे अभियंताओं को तबादला हो ही ना. डीसी के ऐसी चिट्ठी के बाद कई तरह के सवाल उठाए जा रहे हैं.

इसे भी पढ़ें – चार दिनों में ही बदल जाता है पाकुड़ डीसी का फैसला, रसूख वाले को दिया बार लाइसेंस दूसरे को…

डीसी के खिलाफ पोस्टबाजी, कोलकाता में माइन्स कंपनियों के साथ डील का आरोप

पहली बार ऐसा हुआ होगा कि किसी जिला के डीसी के खिलाफ शहर में पोस्टरबाजी हो रही हो. पाकुड़ के डीसी और खनन पदाधिकारी सुरेश शर्मा के खिलाफ भ्रष्टाचार के मुद्दे पर अब पाकुड़ आरजेडी ने भी मोर्चा खोल दिया है. आरजेडी ने पाकुड़ में कई जगह पर पोस्टर चिपकाया है. जिसमें डीसी और सहायक खनन पदाधिकारी पर कई संगीन आरोप लगाया गया है. शहर में हो रहे पोस्टर बाजी में आरोप लगाया गया है कि पाकुड़ के डीसी ने कोलकाता के एक होटल में चार करोड़ की लेनदेन के अलावा सहायक खनन पदाधिकारी सुरेश शर्मा की उपस्थिति में कोल माइन्स के अधिकारियों के बीच डील का मामला रखा है. पोस्टर में सहायक खनन पदाधिकारी पाकुड़ छोड़ो और अवैध संपत्ति उजागर करो आदि भी लिखा गया है.

Related Posts

100 रुपये में #IAS बनाता है #UPSC, #Jharkhand में क्लर्क बनाने के लिए वसूले जा रहे एक हजार

झारखंड में बनना है क्लर्क तो आइएएस की परीक्षा से 10 गुणा ज्यादा देनी होगी परीक्षा फीस.

इसे भी पढ़ें – डीसी साहब! इस वीडियो को देखने के बाद भी कहेंगे कि पाकुड़ में नहीं हो रहा है अवैध बालू उठाव

डीसी साहब का ओरमांझी में बन रहा है घर, मदद कर रहे हैं कनीय अभियंता

आरजेडी के जिला अध्यक्ष सुरेश अग्रवाल ने आरोप लगाया है कि पाकुड़ डीसी दिलीप कुमार झा  अवैध रूप से कमाए गए पैसे से रांची के ओरमांझी में घर बनवा रहे हैं. यह घर स्पेशल डिवीजन के जूनियर इंजीनियर मदन मोहन सिंह की देखरेख में बनवाया जा रहा है. उन्होंने कहा है कि दो महीना पहले ही मदन मोहन सिंह का तबादला हो गया. लेकिन डीसी साहब उसे रोककर रखे हैं. मदन मोहन सिंह ने पाकुड़ में करोड़ों रुपए की योजनाएं संचालित की हैं और सभी से मोटी कमाई है. उन्होंने सहायक खनन पदाधिकारी सुरेश शर्मा पर आरोप लगाते हुए कहा कि उनका देवघर रोड पर ब्रिज के पास करोड़ों रुपए का मॉल बन रहा है. देवघर बिहार के शेखपुरा और धनबाद में भी आलीशान घर है. आरजेडी अध्यक्ष का आरोप है कि सहायक खनन पदाधिकारी पहले माइन्स को सीज करते हैं और फिर तीन-चार दिनों में कागजात भी बनाकर माइन्स को फिर से शुरू करवा देते हैं. हर माइन्स शुरू करने के लिए सहायक खनन पदाधिकारी 10-15 लाख रुपए की मोटी रकम वसूल लेते हैं. आरजेडी के जिला अध्यक्ष ने पूरे मामले पर सीबीआई जांच की मांग भी की है.

 

इसे भी पढ़ें – NEWS WING IMPACT : आयुष्मान कार्डधारी से पैसे मांगने के मामले में रिम्स निदेशक बोले- हमसे गलती हुई,…

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like

you're currently offline

%d bloggers like this: