
Ranchi: झारखंड के कई जिलों में बांग्लादेशी घुसपैठिए बस रहे हैं. संथाल परगना इलाके में लंबे समय से सैकड़ों बांग्लादेशी घुसपैठिए के रूप में रह रहे हैं. धीरे-धीरे वे दूसरे जिले में भी फैलते जा रहे हैं. कुछ स्थानीय नेता व लोगों की सहायता से वे मतदाता पहचान पत्र, आधार कार्ड, राशन कार्ड सहित अन्य कागजात तैयार करके जमीन भी खरीद रहे हैं.विशेष शाखा के पुलिस अधीक्षक ने सरकार को यह खुफिया जानकारी दी है. साथ ही सभी जिलों के डीसी को पत्र भेजकर कहा है कि राज्य की आंतरिक सुरक्षा को खतरा न हो, इसलिए सभी जिलों में बांग्लादेशी घुसपैठियों का सत्यापन और निगरानी कराएं.
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इधर विशेष शाखा की ओर से पत्र मिलने के बाद रांची के डीसी राहुल कुमार सिन्हा ने सदर और बुंडू के एसडीओ समेत सभी बीडीओ-सीओ और थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्र में नागरिकों का सत्यापन कराने, मुखबिर के माध्यम से क्षेत्र में नए आए लोग और बांग्लादेशी घुसपैठियों से संबंधित जानकारी जुटाकर उसका सत्यापन करने का निर्देश दिया है. डीसी ने कहा कि सत्यापन के बाद नियमित रूप से निगरानी रखते हुए हरेक माह इसकी रिपोर्ट मुख्यालय को भेजे जाने की भी बात कही है ताकि बांग्लादेशी घुसपैठियों की पहचान हो सके और नियम संगत कार्रवाई भी की जा सके.
रांची के नए बसावट वाले क्षेत्रों में विशेष निगरानी का आदेश
रांची के नए बसावट वाले क्षेत्रों में बाहरी लोगों के बसने की सूचना पिछले कई वर्षों से सामने आ रही है. कुछ समय पहले सिल्ली-मुरी के रास्ते नामकुम, रातू व धुर्वा क्षेत्र में भी कुछ बांग्लादेशियों के आने की सूचना मिली थी. हालांकि,उस समय पुलिस-प्रशासन ने इसे गंभीरता से नहीं लिया लेकिन अब जब विशेष शाखा ने सभी जिलों को बांग्लादेशी घुसपैठियों के प्रवेश करने की सूचना दी तो प्रशासन इस मामले को लेकर रेस हो गया है. पुंदाग, धुर्वा, जगन्नाथपुर, रातू, कांके, ओरमांझी, नामकुम व नए बसावट वाले क्षेत्रों में निगरानी का भी निर्देश दिया गया है.




