
Latehar: लातेहार मंडल कारा में पिछले करीब दो माह से बंद एक कैदी के परिजनों को जेल से ही फोन करके 12 हजार रुपये बैंक खाते में जमा कराने का दबाव बनाने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है.
मामले का खुलासा कैदी के अधिवक्ता सुनील कुमार ने की. उन्होंने इस संबंध में प्रभारी न्यायाधीश, उपायुक्त व मुख्य सचिव से ऑनलाइन शिकायत की है. लातेहार उपायुक्त जीशान कमर ने इसे तत्काल संज्ञान में लिया है.
क्या है मामला
बालूमाथ थाना कांड संख्या 30/2020 में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी मो तौफिक अहमद की अदालत में पेश किया था. सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था.
पिछले सोमवार से जेल के अधिकारियों द्वारा बंदी के पिता को फोन कराकर 12 हजार रुपये आरटीजीएस करने का दवाब बनाया जा रहा है. धमकी दी जा रही है कि शुक्रवार दोपहर तक उक्त राशि आरटीजीएस नहीं हुई तो उसे आज से शौचालय में रहना पड़ेगा.
जेल से फोन करने वाले ने यह भी कहा है कि शौचालय में ही खाना-पीना खाना होगा. गंदगी से करोना से भी भयानक मौत उनका बेटा मरेगा.
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इन नंबरों के बीच हुई बात
कैदी के परिजनों के मुताबिक, जेल से फोन नंबर 9570666147 से बंदी के पिता कामेश्वर उरांव के फोन नं 7070460049 पर कहा जा रहा है कि चंद्रशेखर ठाकुर के बैंक खाता संख्या 482810110013918 कोड 0004828 पर 12 हजार रुपये आरटीजीएस करो तब तो राजेश जेल में ठीक से रहेगा अन्यथा उसे इतनी यातनाएं दी जायेंगी उसकी मौत हो जायेगी.
इस फोन के बाद बंदी के परिजनों ने अपने अधिवक्ता को अवगत कराया और अधिवक्ता ने सारी बातों से अधिकारियों को ऑनलाइन अवगत कराया.
उपायुक्त जीशान कमर ने शिकायत प्राप्त करते ही मामले की जांच का आदेश दे दिया है. उन्होंने सदर अनुमंडल पदाधिकारी सागर कुमार को उक्त मामले में जांच कर कार्रवाई करने का आदेश जारी किया है.
उपायुक्त ने कहा कि मामले की तहकीकात की जा रही है. सच पाया गया तो इसमें शामिल लोगों पर कड़ी कार्रवाई की जायेगी.
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