
Ranchi : कृषि शुल्क विधेयक के विधानसभा में पारित होने पर झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स ने कड़ी आपत्ति जताते हुए इसे अव्यावहारिक बताया. साथ ही कहा कि यह कहीं से भी किसान, उपभोक्ता और प्रसंस्करण उद्योग के हित में नहीं है. चैंबर महासचिव डॉ. अभिषेक रामाधीन ने नाराजगी जताते हुए कहा कि हाल ही में विधानसभा में इस विधेयक पर विचार विमर्श करके सर्वसम्मति से वापस लिया गया था, लेकिन पुन इस विधेयक को पारित करा लेना समझ से परे है. जिसका हम विरोध करते हैं. विधेयक के वापस होने से किसान, उपभोक्ता और प्रसंस्करण उद्योग जो अच्छी स्थिति में दिख रहे थे वे इस निर्णय के बाद पुनः प्रभावित होंगे. किसानों को उनकी उपज का वास्तविक मूल्य नहीं मिलेगा. उपभोक्ता को खाद्य वस्तुएं महंगी मिलेंगी, गैर वांछित तत्वों का मनोबल बढ़ेगा और गलत मंशा वाले अधिकारियों की मनमानी शुरू हो जायेगी. चैंबर की ओर से सरकार से अनुरोध किया गया कि विधानसभा के सभी सदस्य इस विधेयक पर पुनर्विचार कर इस विधेयक को वापस लेने का निर्णय लें.
बड़ा तालाब में दुर्घटनाग्रस्त वाहन में फंसे परिवार की जान बचानेवाले चार युवाओं (मो0 मोहसीन, मो. साजीद, मो. कलाम, मो. अरमान) को चैंबर भवन में सम्मानित किया गया. चैंबर अध्यक्ष किशोर मंत्री ने चारों युवाओं के इस प्रयास की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस प्रयास से मानवता की मिशाल प्रस्तुत हुई है. चैंबर अध्यक्ष किशोर मंत्री एवं महासचिव डॉ. अभिषेक रामाधीन ने संयुक्त रूप से चारों युवाओं को चैंबर की ओर से जरूरत पड़ने पर हरसंभव सहयोग के लिए भी आश्वस्त किया. मौके पर उपाध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा, अमित शर्मा, रोहित पोद्दार, शैलेष अग्रवाल समेत अन्य मौजूद रहे.
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