
Ranchi: झारखंड में मौसम का मिजाज बदलते ही बिजली की चाल भी बदल जाती है. पत्ते भी खड़के तो बिजली की आंख मिचौनी शुरू. शुक्रवार को भी अपराह्न तीन बजे जैसे ही मौसम का मिजाज बदला, तो बिजली की चाल भी बदल गयी. प्रदेश के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित हो गयी. सुबह नौ बजे से अपराह्न तीन बजे तक पूरे प्रदेश में 1028 मेगावाट की बिजली की मांग थी. लेकिन अपराह्न तीन के बाद हवा का झोंका और हल्की बारिश के कारण बिजली की मांग घट कर 995 मेगावाट हो गयी. सिस्टम दुरुस्त नहीं होने के कारण 149 मेगावाट बिजली सरेंडर करनी पड़ी.
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राज्य का उत्पादन सिर्फ 335 मेगावाट
राज्य के एक मात्र सरकारी उपक्रम के पावर प्लांट टीवीएनएल से 335 मेगावाट बिजली मिली. शेष बिजली निजी कंपनियों और सेंट्रल एलोकेशन से मिली. राज्य में स्थापित सीपीपी प्लांट से छह और इंलैंड पावर से 54 मेगावाट बिजली मिली. सिकिदिरी पावर प्लांट से बिजली उत्पादन बंद है.
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सुबह नौ बजे पावर की स्थिति
- टीवीएनएल-380 मेगावाट
- सिकिदिरी: 00 मेगावाट
- सीपीपीः 01 मेगावाट
- इंलैंड पावर: 53 मेगावाट
- सेंट्रल एलोकेशन- 498 मेगावाट
- आधुनिक- 186 मेगावाट
- एसइआर- 37 मेगावाट
- आइइएक्स-80 मेगावाट
- अन्य स्रोत: 03 मेगावाट
- उपलब्ध: 1028 मेगावाट
- शाम पांच बजे पावर की स्थिति
- टीवीएनएल-335 मेगावाट
- सिकिदिरी: 00 मेगावाट
- सीपीपी: 06 मेगावाट
- इंलैंड पावरः 54 मेगावाट
- सेंट्रल एलोकेशन: 476 मेगावाट
- आधुनिकः186 मेगावाट
- एसइआरः 38 मेगावाट
- आइइएक्सः100 मेगावाट
- कुल बिजली उपलब्धः 995 मेगावाट
- बिजली सरेंडर: 149 मेगावाट
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