न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

चीन ने नजरबंदी शिविरों में 10 लाख उइगर मुसलमानों को डाला  : संयुक्त राष्ट्र

संयुक्त राष्ट्र की नस्लीय भेदभाव उन्मूलन कमेटी की सदस्य गे मैकडॉगल ने दावा किया है चीन ने10 लाख उइगर मुसलमानों को खुफिया शिविरों में कैद कर रखा है.

251

Geneva  :  न्यूयॉर्क टाइम्स में प्रकाशित एक रिपोर्ट में संयुक्त राष्ट्र की नस्लीय भेदभाव उन्मूलन कमेटी की सदस्य गे मैकडॉगल ने दावा किया है चीन ने10 लाख उइगर मुसलमानों को खुफिया शिविरों में कैद कर रखा है.  मानवाधिकार पैनल ने शिनजियांग प्रांत में सामूहिक हिरासत शिविरों में कैद उइगर मुसलमानों को लेकर चिंता जाहिर की है. संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार पैनल के अनुसार  यह विश्वसनीय रिपोर्ट है. खबरों के अनुसार चीन की नीतियों के दो दिवसीय रिव्यू के क्रम में कमेटी की सदस्य ने कहा कि पेइचिंग ने इस स्वायत्त क्षेत्र को एक विशाल नजरबंदी शिविर जैसा बना रखा है.

इसे भी पढ़ें- नकवी ने कहा- वोट का सौदा नहीं है, मोदी सरकार का विकास का मसौदा

सैकड़ों उइगर स्टूडेंट्स गायब हो गये हैं

उनके अनुसार धार्मिक उग्रवाद से निपटने के लिए चीन ने ऐसा किया है.  मैकडॉगल ने चिंता जताई कि सिर्फ अपनी नस्लीय धार्मिक पहचान की वजह से उइगर समुदाय के साथ चीन में देश के दुश्मन की तरह बर्ताव किया जा रहा है. उन्होंने  रिपोर्ट्स के हवाले से कहा कि विदेशों से शिनजियांग प्रांत में लौटने वाले सैकड़ों उइगर स्टूडेंट्स गायब हो गये हैं.  दावा किया कि कई उइगर  हिरासत में हैं और कई की हिरासत में मौत हो चुकी है.

इसे भी पढ़ें- आतंकी और सुरक्षा बल के बीच मुठभेड़ में एक पुलिसकर्मी की मौत, तीन जवान घायल

चीनी प्रतिनिधिमंडल ने मैकडॉगल के आरोपों का जवाब नहीं दिया

न्यूयॉर्क टाइम्स पर आधारित एएनआई की रिपोर्ट के अनुसार 50 सदस्यीय चीनी प्रतिनिधिमंडल ने अब तक मैकडॉगल के आरोपों का जवाब नहीं दिया है. हालांकि संयुक्त राष्ट्र में चीन के राजदूत यू जियानहुआ ने अल्पसंख्यकों के लिए चीन की नीतियों की सराहना की है. उनका दावा है कि नीतियां सद्भाव और एकता को बढ़ावा देने पर केंद्रित हैं. कहा कि उस क्षेत्र के इकनॉमिक डिवेलपमेंट से दो करोड़ लोग गरीबी से बाहर आये हैं.   बता दें कि शिनजियांग प्रांत में उइगर मुसलमान बहुसंख्यक हैं.

चीन के पश्चिमी हिस्से में स्थित इस प्रांत को आधिकारिक रूप से स्वायत्त घोषित करके रखा गया है. कई अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन उइगर मुसलमानों को सामूहिक  रूप से हिरासत कैंपों में रखने और उनके धार्मिक क्रियाकलापों में हस्तक्षेप करने को लेकर चीन की आलोचना करते रहे हैं.

 इसे भी पढ़ें- एचईसी आयी, तो एससी-एसटी को पैसा मिला और उनलोगों ने दारू पीकर उड़ा दिया : सांसद रामटहल चौधरी

न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं. 

न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं.


हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Open

Close
%d bloggers like this: