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बिहार : घोटाले के आरोपी मेवालाल को नीतीश ने मंत्री बनाया, तो लालू प्रसाद व तेजस्वी यादव ने हल्ला बोला

अल्पसंख्यक समुदायों में से किसी को भी मंत्री नहीं बनाया. सत्ता संरक्षित अपराधियों की मौज है. रिकॉर्ड तोड़ अपराध की बहार है.

Patna :   नीतीश सरकार ने बिहार के सबसे बड़े घोटाले के आरोपी मेवालाल चौधरी को जदयू कोटे से कैबिनेट में मंत्री बनाया है.उन्हें  शिक्षा विभाग दिया गया है. नीतीश सरकार  के इस निर्णय से विपक्षी दल हमलावर हो गये हैं. जान लें कि मेवालाल चौधरी ने सोमवार को सीएम के साथ पद और गोपनीयता की शपथ ली है.

लालू प्रसाद ने नीतीश और भाजपा पर निशाना साधा

बता दें कि रांची में चारा घोटाले में सजायाफ्ता बिहार के पूर्व सीएम और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने नियुक्ति घोटाले में आरोपी को शिक्षा मंत्री बनाये जाने पर नीतीश और भाजपा पर निशाना साधा है.  लालू ने ट्वीट किया कि विडंबना देखिए जो भाजपाई कल तक मेवालाल को खोज रहे थे आज मेवा मिलने पर मौन धारण किये हैं.

लालू प्रसाद ने लिखा कि तेजस्वी जहां पहली कैबिनेट में पहली कलम से 10 लाख नौकरियां देने को प्रतिबद्ध थे वहीं नीतीश ने पहली कैबिनेट में नियुक्ति घोटाला करने वाले मेवालाल को मंत्री बना अपनी प्राथमिकता बता दिया.

उधर बिहार सरकार के खिलाफ चुनावों में धांधली और मंत्रिपरिषद में भ्रष्टाचारियों को शामिल करने का आरोप लगाते हुए तेजस्वी यादव ने सीएम नीतीश कुमार  के खिलाफ मोर्चा खोल दिया  है.

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अल्पसंख्यक समाज के व्यक्ति को मंत्री नहीं बनाया…

तेजस्वी ने सीएम नीतीश को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने पर मुलाकात कर बधाई भी नहीं दी है. अब वे नीतीश सरकार में शिक्षा मंत्री बनाये गये मेवालाल चौधरी को भ्रष्ट करार देते हुए लगातार हमलावर हैं.

आरोप लगाया कि अल्पसंख्यक समाज के व्यक्ति को मंत्री नहीं बनाया और भ्रष्टाचार के आरोपी को शिक्षा मंत्री बना दिया.

मेवालाल चौधरी  के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप में एफआईआर दर्ज थी

जान लें कि ये वही मेवालाल चौधरी हैं, जिनके खिलाफ कभी भ्रष्टाचार के आरोप में एफआईआर दर्ज की गयी थी, जिसके बाद नीतीश कुमार को इनको पार्टी से निकालना पड़ा था.

इस बीच राजद सांसद अशफाक करीम मेवालाल चौधरी से मुलाकात कर उन्‍हें बधाई देकर घिर गये.  मामला बिगड़ते देख अशफाक करीम ने सफाई दी कि वह जदयू नेता मेवलाल चौधरी को बधाई देने नहीं, बल्कि बिहार सरकार के शिक्षा मंत्री को बधाई देने गये थे.

बता दें कि तेजस्वी ने बुधवार को ट्वीट कर कहा कि भ्रष्टाचार के अनेक मामलों में भगोड़े आरोपी को शिक्षा मंत्री बना दिया. अल्पसंख्यक समुदायों में से किसी को भी मंत्री नहीं बनाया. सत्ता संरक्षित अपराधियों की मौज है. रिकॉर्ड तोड़ अपराध की बहार है. कुर्सी के ख़ातिर Crime, Corruption और Communalism पर मुख्यमंत्री जी प्रवचन जारी रखेंगे.

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तेजस्वी ने ट्वीट किया…

बुधवार की सुबह-सुबह भी तेजस्वी ने ट्वीट किया, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने असिस्टेंट प्रोफेसर की नियुक्ति और भवन निर्माण में भ्रष्टाचार के गंभीर मामलों में (IPC 409,420,467, 468,471 और 120B के तहत) आरोपी मेवालाल चौधरी को शिक्षा मंत्री बनाकर क्या भ्रष्टाचार करने का इनाम एवं लूटने की खुली छूट प्रदान की है?

मुझ पर लगे आरोप बेबुनियाद हैं…

शिक्षा मंत्री मेवालाल चौधरी अपने ऊपर लगे आरोपों को खारिज करते हुए कहते हैं कि उन पर लगे आरोप बेबुनियाद हैं. भ्रष्टाचार के किसी भी मामले में उनकी संलिप्तता नहीं है. मामला न्यायालय में है और न्यायालय का फैसला सर्वमान्य होगा. कुछ लोग बेवजह मुझ पर आरोप लगा रहे हैं. अभी तक किसी भी मामले में मुझ पर कोई करवाई नहीं हुई है.

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