
Ranchi : झारखंड हाइकोर्ट ने जेपीएससी द्वारा वर्ष 2021 में बीआईटी सिंदरी में एसोसिएट प्रोफेसर नियुक्ति की अनुशंसा करने एवं जेपीएससी के नोटिस को चुनाैती देने मामले में फैक्ट की जांच के लिए हाई कोर्ट के तीन अधिवक्ताओं की फैक्ट फाइंडिंग कमेटी का गठन किया है. कमेटी में हाई कोर्ट के अधिवक्ता रूपेश सिंह, राहुल कुमार एवं चंचल जैन शामिल है. यह कमेटी फैक्ट की जांच कर हाईकोर्ट को रिपोर्ट देगी. प्रार्थी देवीना रत्नम ने रिट याचिका दायर कर जेपीएससी द्वारा वर्ष 2021 में एसोसिएट प्रोफेसर की नियुक्ति की अनुशंसा को चुनौती दी है . उनकी ओर से जेपीएससी की अनुशंसा को गलत बताते हुए कहा गया है कि जेपीएससी ने आपत्ति मांगने के लिए 21 अप्रैल 2021 में सूचना जारी की थी, जिसके आधार पर अंक संशोधित किया गया था, वह भी गलत है. जबकि जेपीएससी का कहना था कि 21 अप्रैल 2021 का जो प्रेस विज्ञप्ति था, उसके आलोक में अनुशंसित अभ्यर्थी के अलावा प्रार्थी ने भी अपनी आपत्ति दी थी. उस आधार पर उनके अंक भी संशोधित हुआ था. अगली सुनवाई तीन अक्तूबर को होगी.



