
Ranchi: 17 वर्षीय बेटी की सकुशल बरामदगी को लेकर उसकी मां के द्वारा दाखिल हेवियस कॉरपस की सुनवाई झारखंड हाईकोर्ट में हुई. सुनवाई के दौरान डीआईजी साउथ छोटानागपुर रेंज अनूप बिरथरे और रांची एसएसपी चंदन कुमार सिन्हा कोर्ट में सशरीर उपस्थित हुए. कोर्ट ने उनसे गुमशुदा लड़की के अब तक बरामद नहीं किए जाने का कारण पूछा. इस पर दोनों पुलिस अधिकारियों की ओर से बताया गया कि कल देर रात चांडिल के ग्रामीण क्षेत्र से लड़की को बरामद कर लिया गया है. जो लड़की को भगा ले गया था वह 45 वर्षीय व्यक्ति है. बरामद लड़की अभी पुलिस के संरक्षण में है. कोर्ट ने लड़की को चाइल्ड वेलफेयर कमिटी के समक्ष प्रस्तुत करने एवं पुलिस को आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश देते हुए मामले को निष्पादित कर दिया. राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता सचिन कुमार एवं अधिवक्ता गौरव राज ने पैरवी की.
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दरअसल, नामकुम की रहने वाली एक महिला ने अपने 17 वर्षीय बच्ची के गुमशुदा होने को लेकर नामकुम थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई थी. महिला का कहना है कि बुंडू निवासी जगन्नाथ महली उर्फ सुनील जो नामकुम में भी रहता है, वह उनकी बेटी को लेकर 7 फरवरी 2024 से गायब है. उसका मोबाइल भी स्विच ऑफ हो गया है, अब तक उनकी बेटी नहीं मिली है.




