
Palamu : मेदिनीनगर निगम क्षेत्र में संचालित एवं भविष्य की योजनाओं को लेकर मंगलवार को नगर आयुक्त समीरा एस ने पत्रकारों जानकारियां दी. नगर निगम कार्यालय के सभाकक्ष में नगर आयुक्त ने कहा कि निगम क्षेत्र में कई योजनाएं धरातल पर उतरने जा रही है. सारी योजनाएं अगर जमीनी रूप ले लेती हैं तो निगम क्षेत्र में ओ सारी सुविधाएं होंगी, जो बड़े शहरों में होती हैं. मौके पर सहायक नगर आयुक्त शैलेश कुमार सिंह उपस्थित थे.
आवास योजना में एक भी भ्रष्टाचार का मामला नहीं आया
नगर आयुक्त ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी में एक भी भ्रष्टाचार का मामला सामने नहीं आया है. उन्होंने कहा कि सुनी सुनायी बातों पर वह गौर नहीं करती, जबतक कोई कंप्लेन नहीं करता, हम कैसे मान लें कि आवास योजना में घूस ली जाती है.
हालांकि उन्होंने कहा कि आवास से संबंधित अगर भ्रष्टाचार का कोई भी मामला सामने आता है तो लोग बेधड़क उन्हें जानकारी दें. या फिर एसीबी में कंप्लेन करें. तत्काल कार्रवाई की जायेगी.
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2497 आवास का डीपीआर भेजा गया स्वीकृति के लिए
नगर आयुक्त ने कहा कि निगम क्षेत्र से चालू वर्ष 2021-22 में 2497 आवासों का डीपीआर बनाकर स्वीकृति के लिए नगर विकास विभाग में भेजा गया है. यह अबतक का सबसे अधिक आवास योजना है. वित्तीय वर्ष 2015-16 एवं 2016-17 में पेंडिंग 200 आवास को पूर्ण कराने के लिए लाभुकों को तीन बार नोटिस भेजा गया है. उन्हें एक सप्ताह का लास्ट वार्निंग दिया गया है.
इसके बाद भी वे अपनी स्थिति स्पष्ट नहीं करते हैं तो दो सप्ताह के बाद उनके खिलाफ सार्टिफिकेट केस और रेवेन्यू रिकवरी की कार्रवाई की जायेगी. 31 मार्च तक स्थिति को पूरी तरह से स्पष्ट कर लेना है.
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पार्षदों की अनुशंसा के बगैर भी मिलेगा आवास का लाभ
नगर आयुक्त ने कहा कि पार्षदों की अनुशांसा के बगैर भी जिनमिन लाभुक को आवास योजना का लाभ दिया जायेगा. पार्षदों से अनुशंसा इसलिए करायी जाती है कि उनकी प्रतिष्ठा बनी रहे. ऐसा कोई प्रावधान नहीं कि उनकी अनुशंसा के बगैर योजना का लाभ लोगों को नहीं मिलेगा.
जल्द किस्त रिलीज करने के सवाल पर नगर आयुक्त ने कहा कि सरकार जब आवास के लिए राशि आवंटित करती है तो उसके हिसाब से उपयोगिता प्रमाण पत्र भेजा जाता है. इसके आलोक में दूसरी एवं तीसरी किस्त लाभुक के खाते में पहुंचती है. फरवरी 2022 तक 6 करोड़ रूपए आवास योजना में आये थे.
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इनमें से चार करोड़ खर्च हो चुके हैं. उन्होंने कहा कि जियो टैगिंग, फोटोग्राफी, प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय किस्त के भुगतान पर किसी तरह की अवैध राशि नहीं देना है.
15 वीं वित्त से टाइड-अनटाइड योजनाएं ली गयी है. टेंडर होने वाला है. उन्होंने कहा कि निगम क्षेत्र में दस पोंड (तालाब) डेवलप होगा. इसमें कचरवा डैम भी शामिल है.
सिवरेज ट्रिटमेंट प्लांट लगेगा, ताकि कोयल नदी में गिरने वाली गंदकी को रोका जा सके. शहर से 12 किलोमीटर दूर किन्नी में सॉलिड वेस्ट ट्रिटमेंट प्लांट लगाने की तैयारी है. यहां कचरा रिसाइकिल किया जाएगा.
सद्वीक चौक के समीप से तीन मंजिला वेंटर मार्केट बनाया जाएगा. कोयल नदी में रिवर फ्रंट के निर्माण में 4 करोड़ रूपए खर्च किए जायेंगे. कई ऐतिहासिक कार्य होने हैं. शिशु विद्या मंदिर द्वारा दी गयी जमीन पर बच्चों के खेलने का मैदान बनाया जायेगा.
स्वच्छ मेदिनीनगर के लिए स्वच्छता प्रोटोकोल अभियान चलाया जाएगा. इसके तहत शहर की सभी दुकानों को 50 से 100 के क्लस्टर में बांट कर डोर टू, डोर कूड़ा उठाने के लिए एक समिति बनायी जायेगी और उसे निगम में रजिस्ट्रेशन कराया जायेगा.
इस सिलसिले में सभी व्यवसायिक संघों से सुझाव लिया गया है. बैंकों की मदद से चौक चौराहों का सुंदरीकरण करने की योजना है.
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