
Ranchi : राज्य में उच्च शिक्षा का हाल बेहाल है. कहने को तो शिक्षण संस्थान खोले जा रहे हैं. लेकिन इन शिक्षण संस्थानों में छात्रों की समस्या पर ध्यान देने वाला कोई नहीं. सिदो कान्हु मुर्मू यूनिवर्सिटी में भी ऐसी ही समस्या है. यहां परीक्षा से संबधित कार्य संभालने के लिए जिस एजेंसी को काम दिया गया है. उसे ही दो साल पहले विनोबा भावे यूनिवर्सिटी ने ब्लैक लिस्टेड कर दिया था.
एजेंसी की लापरवाह गतिविधियों के कारण. एजेंसी का नाम एनसीसीएफ है. एजेंसी की सुस्त कार्य प्रणाली से वर्तमान में सिदो कान्हु मुर्मू यूनिवर्सिटी के छात्रों की परेशानी बढ़ गयी है. यूनिवर्सिटी के पास एजेंसी के कंप्यूटर सेंटर छोड़कर अपना कोई कंप्यूटर ऑपरेटर नहीं है. ऐसे में छात्रों के फॉर्म भरने से लेकर रिजल्ट जारी करने तक का काम एजेंसी के ही माध्यम से होता है. जिसमें अक्सर एजेंसी गलतियां करती हैं.
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फॉर्म भरने के लिए वेबसाइट तक नहीं खुलती
छात्रों से जानकारी मिली कि पिछले दिनों यूनिवर्सिटी के तहत स्नातक सेमेस्टर चार की परीक्षा के आवेदन भरे जा रहे थे. जिसे यूनिवर्सिटी ने ऑनलाइन किया था. लेकिन फॉर्म भरने के लिये वेबसाइट खुली ही नहीं. छात्रों ने इसपर जब हंगामा किया तो यूनिवर्सिटी ने आवेदन ऑफलाइन लेना शुरू किया.
छात्रों से जानकारी मिली की एजेंसी की इन गलतियों के कारण हमेशा सत्र लेट होता है. इतना ही नहीं रिजल्ट में भी काफी गलतियां पायी जाती हैं. पिछले दिनों हिंदी पीजी का रिजल्ट जारी किया गया. जिसमें लगभग 50 छात्र एक नंबर के लिए फेल हुए. यहां भी छात्रों के हंगामा करने पर यूनिवर्सिटी ने फिर से रिजल्ट जारी करने की बात की.
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रोल नंबर और नाम तक होता है गलत
एनसीसीएफ की ओर से छपे एडमिट कार्ड और रिजल्ट में अक्सर गलतियां पायी जाती हैं. कुछ छात्रों से बात करने से जानकारी हुई कि एडमिट कार्ड और रिजल्ट जैसे महत्वपूर्ण कागजों में रोल नंबर, नाम समेत अन्य जानकारियां अक्सर गलत रहती हैं. जिसे सुधार करने में छात्रों को तीन-चार माह का समय लग जाता है. छात्रों से जानकारी हुई कि इस संबध में कई बार यूनिवर्सिटी को अवगत कराया गया है, लेकिन फिर भी छात्रों की समस्या खत्म नहीं हो रही.
एनसीसीएफ काम कर रही, इसपर कुछ नहीं कह सकते
इस संबध में प्रो. वीसी हनुमान प्रसाद शर्मा ने कहा कि एनसीसीएफ की ओर से ही कंप्यूटर सेंटर चलाये जा रहे हैं. जिसमें सभी कार्य होते हैं. 2018 के पहले से एनसीसीएफ यूनिवर्सिटी में काम कर रही है. इसके बारे में और कुछ नहीं कहा जा सकता. ये वीसी से संबधित है. इस संबध में वीसी से बात करने की कोशिश की गयी, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो पाया.
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