
Patna : विधानसभा में गुरुवार को नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने एक चोर और उसकी घंटी की कहानी सुनायी. दरअसल, तेजस्वी सदन में बजट पर अपनी बात रखते हुए कहा कि एक गांव में किसान के पास एक भैंस थी. एक रात उस गांव में दो चोर आये. उन दोनों ने भैंस चुरा ली.
भैंस का मालिक उनको पकड़ नहीं ले इसको लेकर चोरों ने चालाकी दिखाते हुए एक घंटी और दूसरा भैंस को लेकर अलग-अलग दिशा में चल दिये. एक चोर घंटी बजाता हुआ पूरब दिशा में भाग चला. दूसरा जिसके पास भैंस थी, वह पश्चिम दिशा में भागा.
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अपनी भैंस की घंटी की आवाज सुन कर किसान को पता चला कि उसकी भैंस को चोर ले जा रहे हैं. उसने आनन-फानन में अपने गांववालों को जगाया. इसके बाद गांव वाले जिधर से घंटी की आवाज आ रही थी, उधर ही दौड़ पड़े.
लेकिन, भैंस उन्हें नहीं मिली. जबकि दूसरा चोर आराम से भैंस लेकर चला गया. ग्रामीणों को भैंस के बदले घंटा मिला. भैंस का उदाहरण देते हुए तेजस्वी ने कहा कि राज्य सरकार की हालत भी उसी प्रकार है. ये लोग घंटा की चिंता कर रहे हैं, भैंस की नहीं.
उन्होंने आगे कहा कि तत्कालीन डिप्टी सीएम सुशील मोदी ने पिछले साल का बजट दो लाख 11 हजार करोड़ रुपये का पेश किया था. किंतु उसमें खर्च हुआ सिर्फ 70 हजार करोड़ रुपये. मतलब कि एक लाख 43 हजार करोड़ रुपये खर्च ही नहीं हो पाया.
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