Corona_UpdatesJharkhandRanchi

रांची: कोरोना पॉजिटिव मरीज की मौत के 17 घंटे बाद दफनाया गया शव

Ranchi: रविवार को हिंदपीढ़ी के एक कोरोना पॉजिटिव मरीज की मौत हो गयी थी. उसकी मौत के 17 घटों के बाद उसके शव को दफनाया गया. शव दफनाने को लेकर रविवार को दिनभर खूब हंगामा हुआ. जिसके बाद रविवार की देर रात करीब 01:15 बजे हिंदपीढ़ी के बच्चा कब्रिस्तान में शव को दफनाया गया.

इससे पहले शव पूरे दिन रिम्स परिसर के एंबुलेंस पर पड़ा रहा. सुबह से ही शव को दफनाये जाने की प्रक्रिया चलती रही. प्रशासन कब्र खोदवाता रहा. विरोध के चलते शव को दफनाने का कार्य टलता रहा.

इसे भी पढ़ें- #CoronaDeath : जमींदोज़ होने को करना पड़ रहा घंटों इंतज़ार, दो गज ज़मीन भी मयस्सर नहीं

अलग-अलग जगहों पर शव दफनाने का होता रहा विरोध

कोरोना पॉजिटिव व्यक्ति की मौत रविवार सुबह रिम्स में हो गयी थी. बाद में उस शव को दफनाने के लिए उनके परिजन बरियातू स्थित कब्रिस्तान पहुंचे थे. लेकिन लोगों ने वहां जमकर विरोध किया. उसके बाद रातू रोड स्थित कब्रिस्तान दफनाने के लिए परिजन आने वाले थे. इसकी जानकारी जैसे ही स्थानीय लोगों को मिली, वे विरोध स्वरूप सड़क पर उतर आये और लॉकडाउन का जमकर उल्लंघन किया.

रात के करीब 8 बजे पुलिस ने शव को जुमार पुल के पास भी दफनाने का प्रयास किया गया लेकिन वहां भी विरोध के कारण शव दफना नहीं सके. इसके बाद हिंदपीढ़ी स्थित बच्चा कब्रिस्तान में मृतक को सुपुर्द-ए-खाक किया गया. प्रशासन ने इस कब्रिस्तान का चुनाव आखिरी विकल्प के रूप में किया. हिंदपीढ़ी के लोग आगे आये और शव को दफनाने पर सहमति दी.

इसे भी पढ़ें- #CoronaUpdates: बोकारो के दो और संदिग्धों की रिपोर्ट पॉजिटिव निकली, राज्य में हुए 19 कोरोना संक्रमित

रविवार सुबह हुई थी मौत

रविवार की सुबह कोरोना पोजिटिव व्यक्ति की जान चली गयी थी. वह कोरोना संक्रमित होने के बाद से वेंटिलेटर पर था. मृतक रांची के हिंदपीढ़ी का रहने वाला था. मृतक राज्य में जो दूसरी महिला संक्रमित पायी गयी थी उसका पति था.

मालूम हो कि रिम्स में कोरोना वायरस से संक्रमित कुल 8 लोगों का इलाज चल रहा है जिसमें से रविवार को एक की मौत हो गयी. गौरतलब है कि झारखंड में कोरोना पैर पसार रहा है. इसकी चपेट में अब तक कुल 19 लोग आ चुके हैं. वहीं राज्य में इस महामारी से मरने वालों की संख्या बढ़कर 2 हो गयी है.

इसे भी पढ़ें-रांची के हिन्दपीढ़ी इलाके के लोग क्यों जला रहे अखबारों को !

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

Back to top button