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#Jamshedpur की 86 बस्तियों के मालिकाना हक व बंद होती टाटा कंपनियों पर रघुवर से मांगेंगे जवाब : अभय सिंह

Jamshedpur: नॉमिनेशन के बाद पूर्वी जमशेदपुर से जेवीएम प्रत्याशी अभय सिंह जनता के बीच रघुवर सरकार की खामियों के लेकर जायेंगे.

सिंह ने प्रेस से बातचीत में रघुवर सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कहा- बतौर सीएम उनके पास गिनाने के लिए कुछ नहीं है. 86 बस्ती के मालिकाना हक से लेकर बंद होती और पलायन करती टाटा की कंपनिया आज क्षेत्र में सबसे बड़ा मुद्दा हैं जिसपर सरकार ने कोई स्टैंड नहीं लिया है.

उन्होंने कहा कि बीते 15 सालों से वे रघुवर के खिलाफ संघर्ष कर रहे हैं और उनका ये संघर्ष आगे भी जारी रहेगा. क्षेत्र की जनता में रघुवर दास के खिलाफ जबरदस्त आक्रोष है जिसका परिणाम चुनाव के बाद सबके सामने आ जायेगा.

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86 बस्ती को मालिकाना हक का वादा

अभय सिंह का कहना है कि अगर जनता उनको चुनती है तो वो 86 बस्ती को मालिकान हक दिला कर ही दम लेंगे. सीएम की 86 बस्ती के मालिकान हक में सीएनटी एक्ट को अड़चन बताने का जवाब देते हुए कहा कि क्यों रघुवर दास बीते पंद्रह साल से 86 बस्ती को मालिकाना हक दिलाने की बात कह रहे थे.

उनके चुनावी प्रचारों में 86 बस्ती फिर क्यों मेन एंजेंडा रहता था. इसका मतलब साफ है कि मुख्यमंत्री बनते ही उनकी प्रथमिकताएं बदल चुकी हैं. उनके लिए 86 बस्ती पहले राजनीति और अब सिर्फ टालमटोल का विषय भर रह गया है.

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क्यों बंद हो रहे टाटा के उद्योग

रोजगार देने की बात करने वाली रघुवर सरकार के सामने टाटा टायो बंद हो गयी, टाटा हिताची पलायन कर गयी, नैटस्टील बिक गयी. इससे पैदा हुई बेरोजगारी रघुवर सरकार के सामने है लेकिन फिर वो किस लिहाज से रोजगार की बात करते है.

मुख्यमंत्री होने के बावजूद टाटा प्रबंधन से एक सवाल तक नहीं पूछ सके. इन मुद्दों को उठाते हुए अभय सिंह ने कहा कि जनता उनको प्रतिनिधि चुनती है तो इसका समाधान निकलाना उनकी सबसे बड़ी प्राथमिकता रहेगी.

गौरव वल्लभ पर भी बरसे अभय

विपक्ष पर स्वार्थ की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस प्रत्याशी इस क्षेत्र के बारे में क्या जानते हैं. चुनाव लड़ने के लिए हर कोई स्वतंत्र है. असल विपक्ष तो वो खुद है जो बीते 15 वर्ष से जनता के साथ खड़ा है और हर धूप-छांव को देखा है.

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