
Palamu: पलामू जिला मुख्यालय मेदिनीनगर के शहीद भगत सिंह चौक पर महात्मा गांधी जयंती पर महिलाओं ने आजादी की गुहार लगायी. यूपी के हाथरस घटना पर प्रदर्शन किया. इसमें रसोइया संघ, एटक, आइसा की दर्जनों महिलाएं शामिल हुई.
यूपी के हाथरस में मनीषा वाल्मीकि के साथ हुई बर्बरता पर का विरोध करते हुए महिलाओं व छात्र संगठन ने न्याय की गुहार लगायी. मौके पर रसोइया संघ के जिलाध्यक्ष अनिता देवी ने कहा कि आज हर चौक-चैराहे से लेकर गली गली तक बेटियां असुरक्षित हैं. खुद को अपने आप को रामभक्त कहने वाले योगी जी के राज्य में रामन्दिर तो बन गया, लेकिन सीता रूपी बेटियां को नोचा जा रहा है. न्याय मांगने पर परिवार वाले को दबाया जा रहा है. हद तो तब हो गयी जब मनीषा का शव परिवार वालों के नसीब तक नहीं हुआ.
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समाज को विभाजित कर रही केंद्र सरकार : दिव्या
मौके पर आइसा के जिलाध्यक्ष दिव्या भगत ने कहा कि आज की केंद्र सरकार समाज को दो वर्णो में विभाजित कर रही है. सवर्णो और अवर्णो में बांटकर सरकार अपराधियों को संरक्षण दे रही है. अपराधियों का इतना मनोबल बढ़ा है कि वो कुछ भी करेंगे, क्योंकि उनका संरक्षक मोदी और योगी जी है. आज तक मेराल और कजरी पीड़िता के हत्यारे गिरफ्तार तक नहीं किए गये. क्या कारण है कि स्थानीय विधायक पुष्पा देवी चुप हैं? आखिर उनके ऊपर कौन सा राजनीतिक या प्रशाशनिक दवाब है?
एटक की गीता ने कहा कि क्या बेटी होना कसूर है? सरकार का बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ नारा सिर्फ और सिर्फ जुमला साबित हो रहा है. आखिर हिंदुत्व के नेता समझने वाले योगी जी के राज्य में और भाजपा के दलित महिला विधायक पुष्पा देवी शासन में इतनी बड़ी बेटियों पर अत्याचार क्यों, जवाब दें नहीं तो इस्तीफा दें.
मौके पर आइसा की नेहा विश्वकर्मा, रसोइया संघ की ललिता देवी समेत अन्य ने संबोधित किया.
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