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धनबाद के PMCH में एडमिशन के नाम पर पैसों की लूट, दलालों ने कमाये 5 घंटे में लाखों रुपये

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Dhanbad : अपनी नयी-नयी करतूतों से चर्चा में रह रहे धनबाद के पीएमसीएच में इन दिनों भ्रष्टाचार चरम पर देखने को मिल रहा है. जिसे देख आप सिर पीटने को विवश हो जायेंगे. जी हां, इन दिनों PMCH में सारा खेल पैसों का चल रहा है. बता दें कि धनबाद के जाने माने अस्पताल PMCH में GNM छात्रों का एडमिशन चल रहा था, जहां सैकड़ों छात्राएं एडमिशन के लिए पहुंची.

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एडमिशन 40 सीट में होना है. लेकिन यहां एडमिशन के नाम पर पैसों का खेल खेला गया. प्रति कंडीडेट 250 रुपये से लेकर एक हजार रूपये तक वसूले जा रहे थे. यह हमारे कैमरे में कैद हो गया. हालांकि इसके बाद पैसे ले रही नर्सो ने इनका विरोध भी जताया, लेकिन तब तक पूरा का पूरा मामला हमारे हिडन कैमरे में कैद हो चुका था.

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सुबह 10 बजे से चल रहा था पैसों का खेल

 जानकारी के अनुसार धनबाद के PMCH में सुबह के करीब 10 बजे से एडमिशन स्टार्ट हो चुका था. छात्राएं फार्म भरने में मशगुल थीं. सभी की नजरों में ललक झलक रही थी. लेकिन एफिडेविट के नाम पर 250 रुपये मांगे जाने पर छात्राएं परेशान हो गयीं. लेकिन क्या करें छात्राएं. अंततः 250 रुपये देने पड़े. सबके सामने मजबूरी थी. समय का अभाव था, जिनके कारण छात्राओं एफिडेविट के नाम पर पैसे भरने पड़े.

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तीन पहर में तीन रेट

जानकारी के अनुसार पैसों का खेल पहर के हिसाब से चल रहा था. यानी सुबह, दोपहर और शाम के अलग- अलग रेट थे. सुबह 10 बजे से एक बजे तक प्रति कंडीडेट 1000 रुपये, दोपहर एक बजे से 3 बजे तक 500 रुपये और शाम 3 बजे के बाद 250 रुपये प्रति कंडीडेट वसूले गये. इस जानकारी के बाद, जब हम धनबाद के PMCH पहुंचे, तो हमने पाया कि खबर बिल्कुल पक्की है. हम शाम को करीब 4 बजे पहुंचे थे. उस समय भाव गिर चुका था. यानी हम तीसरे पहर में पहुंचे थे. यानी रेट चार्ट के हिसाब से 250 का भाव चल रहा था.

मेट्रन की अगुआई में चल रहा था पूरा धंधा

सूत्रों की मानें, तो ये सारा खेल मेट्रन की अगुआई में चल रहा था. एडमिशन लिये जाने की बगल वाले कमरे में पैसे लेने का खेल चल रहा था. सुबह से ही मेट्रन के पति एफिडेविट के नाम पर पैसे वसूल रहे थे. दोपहर बाद मेट्रन के पति अच़्छी खासी रकम बटोर कर वहां से निकल लिये, जिसके बाद सारा कार्यभार नर्सों ने संभाल लिया. उस समय रेट 250 तक आ गया था.

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महज 5 घंटे में कमाये लाखों रुपये

एडमिशन लेने करीब 100 से ज्यादा छात्राएं आयी थीं. 1000 से लेकर 500 रुपये तक की वसूली महज 5 घंटों में ही हो गयी. बाद पैसों की वसूली का काम नर्सों पर छोड़ दिया गया. आप खुद अंदाजा लगा सकते है कि आंकड़ा कहां पहुंचा होगा.

मीडिया के पहुंचने पर मचा हड़कंप, सकते में थी मेट्रन

वसूली का यह खेल अपने कैमरे में कैद करने मीडिया की टीम जब PMCH पहुंची, मेट्रन और नर्सो के तो होश वैसे ही उड़ गये, जैसे हम जब उस कमरे में पहुंचे तो हमारे होश उड़ गये थे. नर्से खुलेआम इस काम को अंजाम दे रही थी, वह भी बिना किसी ख़ौफ़ के. जब हमने इस मंजर का स्ट्रिंग किया तो पैसे ले रही नर्से बौखला गयीं ओर हमें वहां से बाहर जाने को कहा गया, लेकिन तब तक हम अपने स्ट्रिंग को अंजाम दे चुके थे.

मीडिया के सवालों के सामने पलटी मेट्रन

जब इस स्ट्रिंग को लेकर हैड मेट्रन के पास पहुंचे ओर सवाल किया तो वे साफ साफ मुकर गयीं. उनका कहना था कि हमने पैसे लिये ही नहीं. पैसे लेने की कोई जानकारी हमें नहीं है. लेकिन वीडियो देख कर वे उटपटांग जवाब देने लगी. उनका कहना था कि ये पैसे एफिडेविट के लिए लिये गये. लेकिन एफिडेविट में 1000 , 500 ओर 250 रुपये लगते हैं क्या? इसका जवाब नहीं मिल पाया.

अधीक्षक नाराज़ हुए, बोले करेंगे उचित कार्रवाई

पैसों के इस खेल के बारे में जब हमने PMCH के अधीक्षक टी हेम्ब्रम से पूछा, तो उनका कहना था कि इसकी जानकारी हमें भी मिली है. लेकिन जैसे ही हमने स्ट्रिंग किया गया वीडियो दिखाया, तेा वे वीडियो देख आगबबूला ही उठे. इसके बाद उन्होंने कहा कि इस काम मे संलिप्त लोगों पर उचित कार्रवाई करेंगे. साथ ही उन्होंने इस घटना को लेकर काफी दुःख भी जताया.

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