
Ranchi: झारखंड स्टेट स्टूडेंटस यूनियन द्वारा बुलाए गए दो दिवसीय झारखंड बंद के पहले दिन राजधानी रांची समेत कई जिलों में बंद का प्रभाव नजर आया. रांची के नामकुम, रामपुर सहित अन्य ग्रामीण इलाकों में बंद समर्थकों ने अलग-अलग तरीके से बंद को सफल बनाने का प्रयास किया. नामकुम में उन्होंने एनएच 33 में टायर जलाकर यातायात को प्रभावित करने की कोशिश की हालांकि इस दौरान मौके पर पहुंच पुलिस के खदेड़े जाने पर बंद समर्थक मौके से भाग खड़े हुए. बता दें कि बंद के मद्देनजर रांची में 1,500 पुलिस जवान तैनात किए गए हैं. मुख्यमंत्री आवास, मोरहाबादी मैदान और उसके आसपास के इलाके में दो दर्जन से अधिक अलग से सीसीटीवी कैमरा लगाया गया है. इसके अलावा दो ड्रोन कैमरा भी रखा गया है. एसएसपी ने कहा कि झारखंड बंद के नाम पर अशांति फैलाने वाले लोगों को कतई बक्शा नहीं जाएगा.
इसे भी पढ़ें: JSSU का झारखंड बंद: 11 समर्थकों को नोटिस, न्यायालय में उपस्थित होने का निर्देश
मुख्यमंत्री के खिलाफ भी नारेबाजी
बंद को लेकर कांके इलाके में भी बंद समर्थकों ने बंद के समर्थन में जमकर नारे लगाए और बंद को सफल बनाने की कोशिश की. बंद को लेकर सोशल मीडिया में वायरल वीडियो के अनुसार इस दौरान बंद समर्थकों ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. सीएम हेमंत सोरेन हाय हाय और मुर्दाबाद के नारे भी लगाए. बंद समर्थकों के सड़कों पर होने के कारण इस दौरान कांके इलाके में ट्रैफिक पर भी कुछ देर तक असर दिखा.
दुमका में भी बंद का दिखा असर
प्राप्त जानकारी के अनुसार राजधानी रांची से लेकर उपराजधानी दुमका तक परिवहन सेवाओं पर असर दिखा है. सड़कों में निजी वाहन ही ज्यादा नजर आए. लंबी दूरी की बस सेवाओं के साथ-साथ छोटी दूरियों के वाहनों के परिचालन पर भी काफी असर दिख रहा है. बस स्टैंड में यात्री बंद के कारण मायूस व परेशान नजर आए. .





