
Jamshedpur : योगेन्द्र शर्मा की अध्यक्षता में शुक्रवार को झारखंड समान अधिकार मंच की बैठक केबुल टाउन स्थित केंद्रीय कार्यालय में हुई. इसमें झारखंड सरकार के शिक्षा मंत्री जगन्नाथ महतो के बयान की निंदा की गई, जिसमें उन्होंने झारखंड की सरकारी नौकरियों के लिए होनेवाली प्रतियोगी परीक्षाआें से भोजपुरी, मैथिली, अंगिका और मगही भाषा को अलग करने की बात कही थी. बैठक में सर्वसम्मति से सर्वसम्मति से गया कि झारखंड सरकार इन सभी भाषाओं को जिला ही नहीं राज्य स्तर पर भी लागू करवाने के लिए प्रयास करे.
झारखंड समान अधिकार मंच ने इन सभी भाषाओं को राज्य स्तर पर लागू करवाने को लेकर नौ फरवरी को एक दिवसीय धरना साकची गोलचक्कर पर देने का निर्णय लिया. इसी दिन उपायुक्त के माध्यम से राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी सौंपा जाएगा. इन भाषाओं को राज्य स्तर पर नौकरियों में भी लागू करवाने का अनुरोध किया जाएगा. बैठक में यूके शर्मा, मनोज आनंद, संजय सिंह, उमा सिंह, चंद्रकांत दुबे, उदय यादव, रामनवमी सिंह, मुकेश कुमार, सुरेश यादव और मनजीत कुमार मिश्रा मौजूद थे.
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