न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

लातेहार एसडीओ जय प्रकाश झा ने तथ्यों को नजरअंदाज कर 16.98 एकड़ भूमि विवाद में फैसला दिया

2,110

Ranchi: लातेहार एसडीओ सह एलआरडीसी जय प्रकाश झा पर तथ्यों को छिपाने कर व नजरअंदाज करके फैसला देने का आरोप है. आरोप भूमि विवाद के एक मामले में है. जिसमें उन्होंने सीओ कार्यालय से आयी एक रिपोर्ट का जिक्र किये बिना ही फैसला दे दिया. जबकि सीओ ने उनके निर्देश पर ही रिपोर्ट भेजी थी. एसडीओ ने अपने आदेश में भूखंड के स्वामित्व पर किसी तरह का निर्णय लिये बिना कब्जा पर फैसला ले लिया.

इसे भी पढ़ेंः अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का दावाः ट्रेड वॉर से बुरी तरह प्रभावित हो रहा है चीन

Aqua Spa Salon 5/02/2020

ये है पूरा मामला

मामला लातेहार अंचल के मतनाग मौज के खाता संख्या-08, प्लॉट संख्या-407 का 16.98 एकड़ भूखंड से जुड़ा है. खतियान में इस भूखंड का मालिक छुन्नूलाल अंबिका प्रसाद नाथ शाहदेव के नाम से है. वर्ष 1994 में लाल जय प्रकाश नाथ शाहदेव ने 16.98 एकड़ जमीन की बिक्री एटलस एग्रो फॉरेस्ट्री नामक कंपनी से की थी. कंपनी ने वर्ष 1995 में जमीन का म्यूटेशन कराया. जिसके बाद से जमीन की रसीद लगातार कंपनी के नाम से कट रहा है. कंपनी के मालिक का नाम डॉ सीबी सिन्हा है. डॉ सिन्हा एक एनआरआई हैं.

एटलस एग्रो कंपनी ने वर्ष 2014 में 16.98 एकड़ जमीन में से 1.97 एकड़ जमीन लातेहार के ही रेखा गुप्ता को बेच दी. 1.97 एकड़ जमीन का म्यूटेशन भी उसी साल हो गया. और अप्रैल 2019 तक जमीन की रसीद रेखा देवी के नाम से ही कट रही है.

इसे भी पढ़ेंः ‘हेलारो’ बेस्ट फिल्म और आयुष्मान-विकी कौशल को सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का अवार्ड

पिता ने बेची जमीन, बेटे ने फिर से कर दिया दावा

Related Posts

#Bermo: उद्घाटन के एक माह बाद भी लोगों के लिए नहीं खोला जा सका फ्लाइओवर और जुबली पार्क

144 करोड़ की लागत से बना है, डिप्टी चीफ ने कहा-अगले सप्ताह चालू कर दिया जायेगा

रेखा देवी ने 1.97 एकड़ जमीन पर स्कूल खोलने का फैसला लिया. अक्टूबर 2018 में रेखा देवी ने इस भूखंड पर दुर्गा पब्लिक स्कूल खोलने के लिए भूमि पूजन किया. जिस दिन भूमि पूजन हुआ, उसी शाम एसडीओ कार्यालय का एक नोटिस रेखा देवी को मिला. जिससे यह पता चला कि जयप्रकाश नाथ शाहदेव का बेटा उज्जवल नाथ शाहदेव ने उक्त जमीन को लेकर एसडीओ के कोर्ट में मामला दर्ज कराया है. जिस वक्त (25 साल पहले) जमीन की खरीद-बिक्री हुई थी, उस वक्त उज्जवल नाथ शाहदेव बच्चा था. अब बालिग होने के बाद उसने उसी जमीन को लेकर एसडीओ कार्यालय में मामला दर्ज कराया, जिसकी बिक्री उसके पिता कर चुके हैं.

एसडीओ कोर्ट में मामला दर्ज होने की जानकारी होने से पहले भी रेखा देवी को इस बात की सूचना मिली थी कि जय प्रकाश नाथ शाहदेव के द्वारा उक्त भूमि पर विवाद किया जा रहा है. इस सूचना के मिलते ही रेखा देवी ने 9 अक्टूबर 2018 को एसडीओ जय प्रकाश झा को एक आवेदन दिया था. जिसमें जमीन पर हो रहे स्कूल निर्माण कार्य को चालू रखने के लिए सुरक्षा की मांग की थी.

दाखिल खारिज होने के बाद जमीन की जमाबंदी कायम है

रेखा देवी के आवेदन के आधार पर एसडीओ जय प्रकाश झा ने 13 अक्टूबर 2018 को लातेहार के सीओ से रिपोर्ट मांगी. 24 अक्टूबर 2018 को सीओ ने अपनी रिपोर्ट एसडीओ कार्यालय को भेजी. जिसमें यह साफ लिखा है कि रैयत के वंशज के द्वारा 16.98 एकड़ जमीन एटलस एग्रो फॉरेस्ट्री कंपनी को बेची गयी थी. जिसका दाखिल खारिज होने के बाद जमाबंदी कायम है. इसी कंपनी के प्रबंध निदेशक से रेखा देवी ने जमीन खरीदी है. जिसका दाखिल खारिज के बाद 2015-16 में लगान रसीद जारी कर दिया गया है.

एसडीओ की अदालत में विवादित जमीन के मामले की सुनवाई के दौरान रेखा देवी के अधिवक्ता ने पूरे मामले की जानकारी. सीओ की रिपोर्ट के बारे में भी बताया. जिसका जिक्र एसडीओ ने अपने आर्डर में किया ही नहीं. सीओ की रिपोर्ट को नजरअंदाज करते हुए एसडीओ श्री झा ने भू-खंड पर प्रथम पक्ष का कब्जा घोषित कर दिया.

इसे भी पढ़ेंः आर्टिकल-370 पर आतंकी मसूद अजहर का बयान, भारत के मंसूबे कामयाब न होंगे

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like