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आईआईसीएम के अंदर दोहरी नीति नहीं चलेगी : अजय राय

Ranchi : कोल इंडिया की इकाई आईआईसीएम कांके रांची में मजदूर कर्मचारियों के साथ हो रही दोहरी नीति के खिलाफ आईआईसीएम एंप्लाई यूनियन के अध्यक्ष अजय राय ने आईआईसीएम के प्रिंसिपल एंपलॉयर डीआर शर्मा को एक ज्ञापन सौंपा. उन्होंने मांग रखी की एक ही कैंपस के अंदर 1994 से कार्यरत कर्मचारियों के साथ प्रबंधन भेदभाव पूर्ण नीति अपनाए हुए हैं जो बंद होनी चाहिए.

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संघ ने उनका ध्यान कैंपस के अंदर अलग-अलग साइट में कार्य कर रहे उन मजदूर कर्मचारियों की ओर दिलाया जो विगत 1994 से आईआईसीएम के स्थापना काल से यहां कार्य करते आ रहे हैं. हर वर्ष जिस तरह अलग-अलग साइट जिसमें गुरुकुल, इलेक्ट्रिकल, गार्डन, हैबिटेट, सिविल में नियुक्त मैनेजर सुपरवाइजर की सैलरी आईआईसीएम द्वारा निर्धारित दर से दोगुना दिया जा रहा है उसी तरह मजदूर कर्मचारियों की भी सैलरी बढ़नी चाहिए.

श्रमिक संघ ने ज्ञापन में कहा कि विगत 5 साल का सभी अलग-अलग साइटों का सैलेरी शीट का अवलोकन किया जाय की किस आधार पर सिर्फ मैनेजर सुपरवाइजर की सैलरी को बढ़ायी गयी वहीं कर्मचारियों की सैलरी में कही कोई इजाफा नही हो पाया है. ज्ञापन में कर्मियों के लिए क्वार्टर उपलब्ध कराने की मांग भी की.

आईआईसीएम एम्पलाई यूनियन के अध्यक्ष अजय राय ने प्रबंधन को चेतावनी देते हुए कहा है कि हमारी मांगों के ऊपर प्रबंधन अगर गंभीरता पूर्वक विचार नहीं करता है तो आईआईसीएम एम्पलाई यूनियन आंदोलन का रुख अख्तियार करेगा. जल्द ही इस संबंध में रांची के सांसद संजय सेठ के साथ कोल मंत्री से मिलकर पूरी घटना से अवगत कराते हुए कार्रवाई की मांग करेगा. आज मिलने वाले प्रतिनिधिमंडल में अध्यक्ष अजय राय, कार्यकारी अध्यक्ष रमेश साहू अखय बेहरा ,वीर बहादुर सिंह, संजीत राम सहित अन्य कर्मी शामिल थे.

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