
Dhanbad: तत्काल चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध कराने को लेकर झारखंड सरकार द्वारा चलाए जा रहे 108 एंबुलेंस का लाभ धनबादवासियों को सही समय पर नहीं मिल रहा है. लिहाजा गरीब मरीजों को निजी एंबुलेंस से रिम्स रांची जाना पड़ रहा है. जिले के सबसे बड़े अस्पताल एसएनएमएमसीएच में भर्ती मरीजों को रांची रेफर किए जाने पर तत्काल एंबुलेंस नहीं मिल रहे हैं. मरीज के स्वजन 108 नंबर पर फोन कर रहे हैं, फोन रिसीव करने के बाद कॉल सेंटर के प्रतिनिधि का कहना है कि एंबुलेंस व्यस्त हैं, कोई भी एंबुलेंस खाली नहीं है. एंबुलेंस कब मिलेगा यह भी नहीं बता रहे हैं. जब भी कोई जरूरतमंद 108 नंबर पर फोन कर रहा है. उसे तत्काल एंबुलेंस नहीं मिल पा रहा है ऐसे में गंभीर मरीजों को मजबूरी में निजी एंबुलेंस किराए पर लेना पड़ रहा है.
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बरवाअड्डा के बीमार नवजात बच्ची को दिनभर करना पड़ा इंतजार
बरवाअड्डा के उदयपुर के रहने वाले तीन दिन के नवजात बच्ची को लेकर अस्पताल पहुंचे. बच्ची को सांस लेने में तकलीफ हो रही है. बच्ची का पिता खगन कुमार महतो ने बताया कि एसएनएमएमसीएच के डॉक्टर के द्वारा बच्चों की स्थिति को देखते हुए रिम्स रेफर कर दिया गया है. बच्ची को ले जाने के लिए कई बार 108 नंबर पर फोन की गई. लेकिन समय पर एंबुलेंस नहीं मिल रहा है.
दुआटांड़ के मरीज को अस्पताल आने के लिए नहीं मिला एम्बुलेंस
दुआटांड़ के मरीज को भी 108 एंबुलेंस का लाभ नहीं मिला. मरीज के परिजन पारो देवी ने बताया कि उनके पति ने जहर खा लिया था. जिससे उनकी तबियत बिगड़ गई. इसके बाद 108 को फोन किया गया. लेकिन एम्बुलेंस अस्पताल ले जाने के लिए नहीं आए. अंततः स्थानीय लोगों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया. अगर स्थानीय लोग मदद नही करते तो मरीज की मौत हो सकती थी.




