
Ranchi: नगर विकास एवं आवास विभाग के सचिव चंद्रशेखर ने विभाग से संबद्ध सभी प्रभागों के अधिकारियों को समर्पण की भावना से काम करने का निर्देश दिया है . उन्होंने कहा कि परिश्रम से काम करने से ही योजनायें धरातल पर उतरेंगी और नागरिकों को बुनियादी सुविधायें उपलब्ध हो पायेंगी. सचिव ने प्रोजेक्ट भवन के सभागार में शुक्रवार को आयोजित विभागीय समीक्षा एवं परिचयात्मक बैठक में यह निर्देश दिया.
पीपीटी के माध्यम से नगर विकास एवं आवास विभाग की ओर से सभी प्रभागों के प्रशासनिक संरचना के बारे में जानकारी दी गयी. जिसमें राज्य शहरी विकास प्राधिकार, नगरीय प्रशासन निदेशालय, झारखंड अरबन इंफ्रस्ट्रक्चर डेवलपमेंट कंपनी लिमिटेड, झारखंड खनिज क्षेत्रीय विकास प्राधिकार, ग्रेटर रांची डेवलपमेंट अथारिटी, रांची स्मार्ट सिटी और रांची क्षेत्रीय विकास प्राधिकार शामिल है.
सचिव ने सुडा द्वारा संचलित नमस्ते योजना के बारे में जानकारी चाही तो उन्हें बताया गया कि सीवर से संबंधित जो श्रमिक मैनुअली काम करते हैं उसाकी जगह पर यांत्रिकी ढंग से सुरक्षात्मक उपाय करते हुये कार्य करने की प्रणाली को ही नमस्ते योजना कहा गया है. सचिव ने झारखंड राज्य आवास बोर्ड के प्रतिनिधि को उपलब्ध आवासों एवं भविष्य की योजनाओं के संबंध में रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दिया. उन्होंने ग्रेटर रांची प्राधिकार के प्रतिनिधि को राज्य स्तरीय प्रबंध मुख्यालय बनाने के लिए धुर्वा डैम के आसपास जमीन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया ताकि एनडीआरएफ जलाशय में प्रशिक्षण भी कर सके.
सचिव ने रांची स्मार्ट सिटी के अधिकारी राकेश नंदकुलियार को निर्देश दिया कि स्मार्ट सिटी परिसर में भरपूर वृक्षारोपण कराया जाये. जो पौधे विकसित नहीं हो पाये हैं , उनके स्थान पर नये पौधे लगाये जायें. बैठक में सचिव चंद्रशेखर के अलावा रांची नगर निगम के नगर आयुक्त अमीत कुमार, निदेशक नगरीय प्रशासन सत्येंद्र कुमार , अपर मुख्य सचिव मनोहर मरांडी, जुडको के पीडीटी गोपाल जी, पीडी एडमिन श्री अरविंद कुमार मिश्र, पीडी फाइनांस श्री अमित कुमार सहित कई अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे.




