
Bokaro: जिले के महुआटांड़ थाना क्षेत्र में शुक्रवार को पुल निर्माण में लगे दो मजदूरों का अपहरण हुआ था. दोनों अगवा मजदूरों को बुधवार को बोकारो पुलिस ने अपहरणकर्ताओं के चंगुल से छुड़ा लिया है.
बता दें कि रजरप्पा मंदिर प्रक्षेत्र बोकारो और रामगढ़ जिले के जोड़ने वाले पुल के निर्माण का काम लगभग 16 करोड़ की लागत से किया जा रहा है. इसी दौरान बीते 26 मई देर रात वहां कार्यरत दो मजदूरों को अगवा कर लिया गया था. दोनों कर्मियों के अपहरण के पीछे आपराधिक संगठन का हाथ सामने आ रहा है,हालांकि इस मामले में बोकारो पुलिस जल्द ही बड़ा खुलासा करेगी.
क्या है मामला
उल्लेखनीय है कि घटना की रात निर्माणाधीन पुल में ड्यूटी कर रहे चार निजी नाइट गार्ड पुल के ऊपर थे. और ठीक नीचे दूसरे स्टाफ अपने कैंप में आराम कर रहे थे. कुछ भोजन भी कर रहे थे. इस दौरान वर्दी पहने हुए आठ से दस लोग हाथों में हथियार लिये आ धमके. और काम बंद करने की धमकी दी. साथ ही कहा कि जो हमलोग चाह रहे हैं,वह मिलना चाहिए. इस दौरान कुछ मजदूरों के साथ हाथापायी भी की गयी. फिर उक्त दोनों मजदूरों के अलावा एक अन्य को भी साथ ले जाने लगे. लेकिन थोड़ी ही दूर जाकर तीसरे को यह कहकर छोड़ दिया कि दो को ही ले जाना है.
16 करोड़ की लगात से बन रहा पुल
पुल के बोकारो की तरफ करीब 100 मीटर व रजरप्पा की तरफ करीब 250 मीटर मुख्य सड़क तक कनेक्ट रोड भी बननी है. पथ निर्माण विभाग बोकारो से बन रहे इस पुल का निर्माण कुमार एंड राय कंस्ट्रक्शन नामक कंपनी कर रही है. गोमिया की विधायक बबीता देवी ने पिछले वर्ष 2019 में ग्रामीणों और अधिकारियों की उपस्थिति में पुल निर्माण कार्य का शिलान्यास किया था. यहां पुल की मांग वर्षों से की जा रही थी. कहा जा रहा है कि लॉकडाउन नहीं होता तो पुल बनकर तैयार रहता. 85 प्रतिशत से अधिक काम पूरा हो चुका है.




