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Breaking : धनबाद के सिंदरी हर्ल प्लांट में हादसा, एक मजदूर की मौत

Dhanbad: हिंदुस्तान उर्वरक एवं रसायन लिमिटेड यानी  हर्ल ( HURL ) सिंदरी के निर्माणाधीन खाद कारखाना में दुर्घटना हुई है. दुर्घटना में झरिया विधानसभा क्षेत्र के भौंरा के रहने वाले मजदूर राजू विश्वकर्मा की मौत हो गई है.  दुर्घटना के कारणों का पता नहीं चला है. एहतियातन मजदूरों को प्लांट परिसर से बाहर निकाल दिया गया है.

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हर्ल के ग्रुप महाप्रबंधक कामेश्वर झा ने दुर्घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि मजदूर की मौत हो गई है. इसके बाद हर्ल के एचआर हेड कुंदन किशोर ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि हर्ल के कैप्टिव पावर प्लांट में दुर्घटना हुई है. जिसमें हर्ल के अधीनस्थ कार्यरत कंपनी एनी के एक मजदूर की मौत हो गई है. उन्होंने बताया कि घटना कैसे हुई इसके लिए जांच कमेटी का गठन किया गया है.

जांच कमेटी की रिपोर्ट के बाद ही पता चल पाएगा कि दुर्घटना कैसे हुआ. कुंदन किशोर ने बताया कि दुर्घटना में मजदूर की मौत की खबर स्थानीय सिंदरी थाना पुलिस और जिला प्रशासन को दे दिया गया है. पुलिस-प्रशासन हर्ल प्लांट परिसर पहुंच कर मामले की जांच करेगी. वहीं मृतक मजदूर के परिजनों को भी खबर कर दिया गया है. मृतक मजदूर का भाई पहुंच चुका है.

इससे पहले 10 जनवरी को भी हर्ल में हादसा हुआ था. कैपटिव पावर प्लांट के S-ONE यूनिट में मेंटिनेंस का कार्य कर रहे मिराज कंपनी के दो मजदूर बिजली प्रवाह की चपेट में आकर बुरी तरह से झुलस गए थे.

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बता दें कि हर्ल सिंदरी का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है. खास कर प्लांट से उत्पादन शुरू करने के लिए तकनीकी कार्य बहुत तेजी से चल रहे हैं. मुख्य यूरिया प्लांट का काम पूर्ण हो चुका है, निर्माण व कमीशनिंग का काम 24 घंटे चल रहा है. एक-एक कर मशीनों को इंस्टॉल किया जा रहा है. फर्स्ट बॉयलर की टेस्टिंग 13 दिसंबर को हुई थी. उसके बाद फिर पूरे बॉयलर को खोल कर जांच की गयी. जांच में सब सही पाया गया, तो उसको फिर से फिट किया गया. कंपनी के दूसरे बॉयलर की टेस्टिंग 25 दिसंबर को की गई. इसके बाद एक साथ दोनों बॉयलर की टेस्टिंग भी हुई. संभवना जतायी जा रही थी कि मार्च 2022 तक उत्पादन शुरू हो जाएगा. लेकिन, हादसे के कारण लगातार विलंब हो रहा है. मालूम हो कि ये झारखंड गठन के बाद का सबसे बड़ा प्रोजेक्ट होगा.

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