
Khunti : खूंटी की रहनेवाली मानव तस्करी और दुष्कर्म की शिकार हुई नाबालिग बच्ची और उसके परिजनों से मंगलवार को बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष आरती कुजूर ने मुलाकात की. मुलाकात कर उन्होंने पूरे मामले की जानकारी ली. बता दें कि खूंटी की रहनेवाली नाबालिग बच्ची मानव तस्करी का शिकार हुई थी. उसके साथ मानव तस्करों ने दुष्कर्म किया. जब वह प्रेग्नेंट हो गयी, तो उसे मानव तस्कर खूंटी पहुंचाकर फरार हो गया.
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काम दिलाने के बहाने दिल्ली ले गया था लड़की को
आरोप है कि खूंटी की रहनेवाली नाबालिग लड़की को करीब आठ महीने पहले मानव तस्कर जरनल मुंडा काम दिलाने के बहाने बहला-फुसलाकर खूंटी से दिल्ली ले गया था. वहां पर एक और व्यक्ति विकास चौहान के साथ मिलकर उसने नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म किया. खूंटी के ही रहनेवाले जरनल मुंडा पर आरोप है कि उसने नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म करने के बाद पीड़िता को काम करने के लिए एक घर में बेच दिया था. मानव तस्कर जरनल मुंडा और विकास चौहान द्वारा नाबालिक लड़की को दिल्ली के जिस परिवार के यहां बेचा गया था, उस परिवार को पता चला कि लड़की प्रेग्नेंट है. उसके बाद उस परिवार ने जनरल मुंडा को बुलाकर लड़की को वापस कर दिया. उसके बाद जनरल मुंडा ने लड़की को चुपके से खूंटी लाकर छोड़ दिया और वहां से वह फरार हो गया.
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लड़की को पेमेंट भी नहीं दिया गया था
जरनल मुंडा और विकास चौहान ने पीड़िता को दिल्ली के जिस घर में बेचा था, उस घर में पीड़िता ने पांच महीने काम किया. उसके प्रेग्नेंट होने का पता चलने के बाद जब उसे वहां से निकाल दिया गया, तो उसे उसके द्वारा किये गये घरेलू काम के एवज में उसका पेमेंट भी नहीं दिया गया. काम के एवज में जो राशि दी दी जाती थी, उस पूरी की पूरी राशि को दोनों मानव तस्कर अपने पास रख लेते थे.




