
Palamu: इन दिनों पलामू जिले में ठंड का सितम है. न्यूनतम तापमान लगातार घट रहा है, लेकिन पांकी विधानसभा क्षेत्र का पारा गर्म है. डालटनगंज-पांकी मुख्य पथ के निर्माण को लेकर क्षेत्रीय विधायक डा. शशिभूषण मेहता और पूर्व विधायक देवेन्द्र कुमार सिंह तल्ख तेवर अपनाए हुए हैं. इसका बड़ा उदाहरण पिछले 24 घंटे के दौरान सामने आ चुका है. मुख्य पथ के निर्माण कार्य को घटिया बताकर मंगलवार को विधायक डा. मेहता भाजपा कार्यकर्ता व अपने समर्थकों के साथ लेस्लीगंज में धरना प्रदर्शन किया. इस दौरान ज्ञापन सौंपते हुए संवेदक कंपनी सिलदिलिया कंस्ट्रक्शन के सभी कार्यों की सूक्ष्मता से जांच करने और इस कंपनी को काली सूची में डालने की मांग की गई थी.
बुधवार को पूर्व विधायक और उनके समर्थक वर्तमान विधायक से भिड़ते नजर आए. इस सिलसिले में एक वीडियो भी सोशल मीडिया में तेजी से वायरल हो रहा है. इस वीडियो में दो हिस्सों में बंटे कुछ लोग एक दूसरे से हाथापाई करते नजर आ रहे हैं. एक अन्य वीडियो में पूर्व विधायक देवेन्द्र कुमार सिंह वर्तमान विधायक के कार्यकर्ता बच्चन ठाकुर से गरमा गर्मी में बातचीत करते दिख रहे हैं. मुख्य सड़क पर बड़ी संख्या में विधायक एवं पूर्व विधायक के कार्यकर्ता
नजर आ रहे हैं. यह घटना लेस्लीगंज थाना क्षेत्र के कुंदरी और राजोगाड़ी के बीच की बताई जा रही है. नोंकझोंक और गाली गलौज से शुरू हुआ यह विवाद मारपीट में बदल गया. हालांकि मौके पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने बीच बचाव कर मामले को शांत कराने की कोशिश की. हालांकि कुछ देर बाद मौके पर तो मामला शांत हुआ, लेकिन इसकी चिंगारी पूरी तरह से बुझी नहीं है.

पथ निर्माण की जांच के दौरान हंगामा
दरअसल, विभागीय स्तर पर बुधवार की दोपहर जांच के लिए अभियंताओं की टीम मौके पर पहुंची थी। जांच को देखकर मौके पर पांकी विधायक के कई कार्यकर्ता मौजूद थे. पांकी विधायक डा. शशिभूषण मेहता भी साथे में थे. जांच चल रही थी. सूचना पर पूर्व विधायक देवेन्द्र कुमार सिंह भी पहुंच गए थे. उनके साथ भी कई कार्यकर्ता पहुंचे थे. इसी क्रम में दोनों ओर से कार्यकर्ताओं की मौजूदगी बढ़ने पर विवाद बढ़ गया. हंगामा और मारपीट के कारण आधे घंटे तक मुख्य पथ पर अफरा तफरी का माहौल बना रहा.
रूटीन जांच थी, श्रेय लूटना गलतः देवेन्द्र
पूर्व विधायक देवेन्द्र कुमार सिंह ने बताया कि अभियंताओं की टीम रूटीन जांच के लिए मौके पर पहुंची थी. उन्होंने कहा कि धरना या किसी अन्य दबाव के कारण जांच के लिए अभियंता नहीं पहुंचे थे. पूर्व में ही इस संबंध में आदेश जारी हुआ था. बावजूद इस मामले में विधायक और उनके समर्थक श्रेय लेना चाह रहे थे.
भ्रष्टों में बढ़ गई है बौखलाहट: डा. मेहता
मामले में पांकी विधायक डा. शशिभूषण मेहता ने कहा कि आजतक विकास योजनाओं में लूटपाट करनेवाले के खिलाफ कोई बोलने वाला नहीं था. अपने कार्यकाल में अपनी अनुशंसा, अपना टेंडर, अपनी ठेकेदारी करनेवाले के खिलाफ आज जब जनता की भलाई के लिए बोलने वाले एक शिक्षित, सशक्त एवं सक्षम विधायक डॉ मेहता बने हैं तो भ्रष्टों में बौखलाहट तो होनी ही थी. कहते हैं पाप का घड़ा एक दिन जरूर फूटता है. जनता को भी अब समझना होगा कि जो सड़क क्षेत्र की जनता के लिए सबसे महत्वपूर्ण है. सभी को इसी सड़क पर प्रतिदिन अपने अपने काम के लिए चलना है. जो आदमी सिर्फ अपने फायदे के लिए इस महत्वपूर्ण सड़क को दूसरे के कार्यकाल में लूट का अड्डा बना सकता है. उसने अपने कार्यकाल में कितने बेलगाम होकर अपने फायदे के लिए क्या नहीं किया होगा.
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