
Ranchi: आदिवासी समुदायों में उनके समावेशी और सतत विकास के लिए कौशल प्रशिक्षण को बढ़ाने के लिये, राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (एनएसडीसी) ने सेवा भारती और युवा विकास सोसाइटी के साथ साझेदारी में आज ग्रामीण उद्यमी प्रोजेक्ट के दूसरे चरण का शुभारंभ किया. केन्द्रीय जनजातीय कार्य मंत्री अर्जुन मुण्डा ने कार्यक्रम की शुरुआत की. मौके पर कौशल विकास और उद्यमशीलता और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने कार्यक्रम को वर्चुअली सम्बोधित किया. जबकि, केन्द्रीय जल शक्ति एवं जनजातीय कल्याण राज्य मंत्री बिश्वेश्वर टुडू ने अपने उत्साहजनक शब्दों से मौजूद लोगों को प्रेरित किया. मौके पर केन्द्रीय जनजातीय कार्य मंत्री अर्जुन मुण्डा ने कहा, “हमारा पूरा ध्यान आदिवासी आबादी के लिए स्थायी आजीविका को मजबूत करने पर है. साथ ही केंद्र सरकार ने विशेष रूप से आदिवासी क्षेत्रों के लिए 85000 करोड़ के बजट को मंजूरी दी है. इस तरह की योजनाओं और पहलों के बारे में जागरूकता पैदा करने के लिए स्वामित्व बढ़ाने की भी सख्त आवश्यकता है. आदिवासी युवाओं में इतनी क्षमता और योग्यता है कि हमें उनकी प्रतिभा का सही जगह इस्तेमाल करने के लिए सही रास्ते तलाशने की जरूरत है.
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ग्रामीण उद्यमी आदिवासी समुदाय के लिये गेम चेंजर साबित होगा
श्री मुंडा ने कहा इस दिशा में एक कदम है, उन्होंने विश्वास जताया है कि ग्रामीण उद्यमी प्रोजेक्ट झारखंड के आदिवासी समुदायों के लिए गेम चेंजर साबित होगा. उन्हें अपने पैरों पर खड़े होने का सही अवसर प्रदान करेगा. मैं अपने युवाओं को यह बताना चाहता हूं कि आप अपने संबंधित ग्राम पंचायतों, गांवों और ब्लॉकों से इन पहलों को आप तक लाने का आग्रह करें और अपने उज्ज्वल भविष्य की ओर बढ़ने का प्रयास करें.
न्यू इंडिया भारत के युवाओं के लिए नए अवसर और बेहतर संभावनाएं लेकर आएगाः चंद्रशेखर
मौके पर कौशल विकास और उद्यमशीलता राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने कहा कि अगली तिमाही के लिये न्यू इंडिया के एक विज़न के साथ अमृत काल के लिए खुद को समर्पित किया. यह न्यू इंडिया भारत के युवाओं के लिए नए अवसर और बेहतर संभावनाएं लेकर आएगा. श्री चंद्रशेखर ने विश्वास जताया कि ग्रामीण उद्यमी प्रोजेक्ट ने मध्य प्रदेश में जो सफलता हासिल की है, उसे झारखंड में भी वही प्रतिक्रिया मिलेगी क्योंकि स्किलिंग किसी भी क्षेत्र की समृद्धि का पासपोर्ट है.
आदिवासी समुदायों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना हैः बिश्वेश्वर टुडू
केन्द्रीय जल शक्ति एवं जनजातीय कल्याण राज्य मंत्री बिश्वेश्वर टुडू ने कहा कि अगर हम गांवों के विकास में निवेश करें तो देश विकसित हो सकता है, अगर शहर विकसित होते हैं तो शहरों का विकास होगा. इसका एक प्रमुख कम्पोनेन्ट हमारे आदिवासी समुदायों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना है. ताकि उनके विकास के लिए कई संभावनाएं खुल सकें. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने हमारे आदिवासी क्षेत्रों की समावेशिता, फाइनेंशियल ग्रोथ पर भी ध्यान केंद्रित किया है और निश्चित रूप से, ग्रामीण उद्यमी प्रोजेक्ट हमारी आदिवासी आबादी को आर्थिक सशक्तीकरण प्रदान करेगा. भारत के आर्थिक इंजन को गति देने के लिए कई योजनाएं और पायलट परियोजनाएं भी शुरू की गई हैं.
कार्यक्रम में राष्ट्रीय संगठक वी.सतीश और अनुसूचित जनजाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद समीर उरांव,भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद दीपक प्रकाश, संयोजक राष्ट्रीय सेवा भारती गुरुशरणप्रसाद, युवा विकास सोसायटी के सचिव डॅाक्टर आशिष भावे, एसटी मोर्चा राष्ट्रीय महामंत्री कालिराम मांझी,एसटी मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष शिवशंकर उरांव उपस्थित हुए.
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