
- धान खरीद की योजना के स्वरूप को मुख्यमंत्री ने दी स्वीकृति, अब कैबिनेट की स्वीकृति का इंतजार
- मंत्रीमंडल की स्वीकृति के बाद 182 रुपये होगा बोनस
Ranchi : न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर धान खरीदने के लिए बनायी जा रही योजना के स्वरूप को मुख्यमंत्री ने शनिवार को स्वीकृति दी. इसके बाद अब कैबिनेट से इसकी औपचारिक स्वीकृति ली जानी है. योजना का नाम धान अधिप्राप्ति योजना रखा गया है. खरीफ विपणन मौसम 2020-21 के दौरान धान बेचने के लिए इस योजना के स्वरूप पर सहमति दी गयी है. इससे किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर धान अधिप्राप्ति की जा सकेगा. इस प्रस्ताव को कैबिनेट की अगली बैठक में रखा जा सकता है. केंद्रीय खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्रालय की ओर से 10 जून को धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित किया गया था.
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ग्रेड-ए धान का एमएसपी 1888 रुपये प्रति क्विंटल, बोनस 182 रुपये
इसके तहत साधारण किस्म का धान 1868 रुपये प्रति क्विंटल और ग्रेड-ए धान 1888 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है. इसके आलोक में किसानों को धान के न्यूनतम समर्थन मूल्य पर राज्य सरकार की ओर से बोनस 182 रुपये प्रति क्विंटल दिये जाने का प्रस्ताव है. ऐसे में साधारण धान की कीमत 2050 रुपये तथा ग्रेड-ए धान की 2070 रुपये होगी. इसके लिए धान अधिप्राप्ति केंद्र खोले जायेंगे.
झारखंड राज्य खाद्य एवं असैनिक आपूर्ति निगम लिमिटेड की ओर से आवश्यकतानुसार पंजीकृत किसानों की संख्या एवं प्रखंड से दूरी को ध्यान में रखते हुए केंद्र खोले जायेंगे. जिलावार अधिप्राप्ति केंद्रों की संख्या का निर्धारण झारखंड राज्य खाद्य एवं असैनिक आपूर्ति निगम लिमिटेड की ओर से खाद्य सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामले विभाग झारखंड से सहमति प्राप्त करते हुए किया जायेगा.
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