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चतरा: सालों से बनकर तैयार है पावर ग्रिड, फॉरेस्ट क्लीयरेंस व तकनीकी कारणों से नहीं हुआ चालू

Ranchi: चतरा में दो पावर ग्रिड सालों से बन कर तैयार हैं. इसके बाद भी दोनों ग्रिड चालू नहीं हो पाये हैं. जिला में ईटखोरी और ढाहड़ा में पावर ग्रिड बनाये गये हैं. लेकिन तकनीकी कारणों और फॉरेस्ट क्लीयरेंस की वजह इन्हें अब तक शुरू नहीं किया गया है.

ढाहड़ा स्थित पावर ग्रिड साल 2015 से ही बन कर तैयार है. लेकिन फॉरेस्ट क्लीयरेंस नहीं मिलने के कारण ग्रिड चालू नहीं है. वहीं ईटखोरी स्थित पावर ग्रिड भी बनकर तैयार है, लेकिन तकनीकी कारणों से यहां भी बिजली स्पलाई चालू नहीं हुआ.

जिला में बिजली आपूर्ति हजारीबाग के बरही स्थित पावर ग्रिड से होता है. जो कि जिला मुख्यालय से लगभग 75 किलो मीटर दूर है. जिसकी वजह से अक्सर बिजली न रहने की समस्या होती है, क्योंकि पावर ग्रिड काफी दूर है. ऐसे में स्थानीय लोगों के लिए बिजली की समस्या परेशानी का सबब बन गया है. वहीं तकनीकि और फॉरेस्ट क्लीयरेंस के कारण जिला में बिजली आपूर्ति बाधित है.

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चतरा और लातेहार डिवीजन को मिलना है फॉरेस्ट क्लीयरेंस

एनर्जी ट्रांसमिशन निगम लिमिटेड से जानकारी मिली की ढाहड़ा स्थित पावर ग्रिड में दो जगह फॉरेस्ट क्लीयरेंस लेना है. पिछले तीन सालों में फॉरेस्ट क्लीयरेंस की वजह से ग्रिड से बिजली सप्लाई बाधित है. चतरा साउथ डिवीजन में 139.2 हेक्टेयर में बिजली सप्लाई के लिये फॉरेस्ट क्लीयरेंस चाहिये. वहीं लातेहार साउथ डिवीजन में 55.9 हेक्टेयर जमीन के लिये फॉरेस्ट क्लीयरेंस निगम को चाहिये.

27 जून 2019 को पर्यवरण विभाग की ओर से फॉरेस्ट क्लीयरेंस के लिये ट्रांसमिशन निगम से कुछ जवाब तलब किये गये थे. निगम की ओर से इसका जवाब नवंबर में दिया गया. इसके बाद विभाग की ओर से निगम को इस पर कोई जानकारी नहीं दी गयी.

अलग-अलग स्टेज में क्लीयरेंस मिलने के कारण ग्रिड चालू नहीं हो पा रहा. दिसंबर 2012 में इस ग्रिड पर काम शुरू किया गया. जिसे 2015 मे पूरा किया गया. साल 2016 में ढाहड़ा स्थित पावर ग्रिड को चालू होना था. लेकिन यह अबतक शुरू नहीं हो सका.

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पहले हर तीन माह में होती थी समीक्षा

एनर्जी ट्रांसमिशन निगम लिमिटेड के एमडी मनोज कुमार कूरमाली ने जानकारी दी कि फॉरेस्ट क्लीयरेंस की पहले हर तीन माह में समीक्षा होती थी. इसलिये जानकारी अपडेट रहती थी. लेकिन चुनाव के पहले से ही ये सारे काम बाधित हैं.

उन्होंने बताया कि ढाहड़ा में 220 केवी का ट्रांसमिशन लाइन तैयार किया गया है. साल 2016 में दोनों ग्रिड को शुरू होने थे लेकिन काम रुका है. जबकि इंसुलेटर से लेकर ट्रांसमिशन तक के कार्य पूरे हो चुके हैं.

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