
Ranchi: सरायकेला के धातकीडीह गांव में 17 जून को तबरेज अंसारी की भीड़ की पिटाई के बाद युवक तबरेज अंसारी की हिरासत में मौत का मामला हाइकोर्ट पहुंच गया है. याचिकाकर्ता पंकज कुमार यादव के वकील राजीव कुमार ने मंगलवार को सरायकेला में हुई मॉब लिचिंग की घटना को लेकर एक पीआइएल दाखिल किया है. इसमें सीबीआइ से पूरे मामले की जांच की मांग की गयी. पीआइएल में वर्ष 2016 से अब तक राज्य में 18 लोगों के मारे जाने का हवाला दिया गया है.
इसे भी पढ़ें – बढ़ती मॉब लिंचिंग की घटनाओं पर बोलीं वृंदा करातः राज्य को ‘लिंच-खंड’ के नाम से पुकारा जा रहा
एसपी ने दो थाना प्रभारी को किया था निलंबित
इस मामले में अब तक पुलिस 11 आरोपितों को गिरफ्तार कर चुकी है. इसके अलावा मामले की प्रारंभिक जांच के बाद लापरवाही के दोषी पाये गये खरसावां थाना प्रभारी चंद्रमोहन उरांव और सीनी के ओपी प्रभारी सहायक अवर निरीक्षक विपिन बिहारी सिंह को एसपी कार्तिक एस ने सोमवार को निलंबित कर दिया गया था. घटना की जांच अब एसआइटी कर रही है. जांच टीम में सरायकेला के अनुमंडल पदाधिकारी, डीएसपी हेडक्वार्टर और मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी सरायकेला खरसावां शामिल हैं. एसआइटी की अध्यक्षता अनुमंडल पदाधिकारी कर रहे हैं. टीम को 48 घंटे के अंदर जांच रिपोर्ट सौंपनी है.
इसे भी पढ़ें – बढ़ेंगी हेमंत सोरेन की मुश्किलेंः सोहराय भवन मामले में सरकार ने दिया कार्रवाई का आदेश
क्या है मामला
सरायकेला थाना में दर्ज प्राथमिकी के अनुसार तबरेज की पत्नी शाहिस्ता परवीन ने कहा कि उसके पति तबरेज अंसारी 17 जून की रात को दो दोस्तों के साथ मोटरसाइकिल से जमशेदपुर के आजादनगर लौट रहे थे. इसी दौरान धातकीडीह गांव के पास पप्पू मंडल एवं अन्य ने चोरी के संदेह में उन्हें पकड़ लिया और खंभे से बांध कर बुरी तरह से पीटा. इस दौरान धार्मिक नारा लगाने के लिए भी मजबूर किया गया. लोगों की पिटाई से वह गंभीर रूप से घायल हो गया. बाद में पुलिस ने चोरी के मामले में उन्हें जेल भेज दिया. दो दिन बाद तबीयत बिगड़ने पर उन्हें सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी मौत हो गयी. बताया जाता है कि तबरेज अंसारी को चोरी करते हुए लोगों ने पकड़ा था. उसके पास से चोरी के सामान भी बरामद हुए थे.
इसे भी पढ़ें – सुरेश सिंह हत्याकांड: दून बहादुर ने दी गवाही, कहा-शशि सिंह ने की हत्या



