
CHATRA: सिमरिया में झोलाछाप डॉक्टर और फर्जी जांच घर संचालकों का आतंक पूरे जिले में सुनाई दे रहा है. यहां कब लोग किसकी जान ले लेगा, अथवा बीपी लो वाले मरीज को डेंगू निकाल देगा कहना मुश्किल होगा. कुछ ऐसा ही अजीबोगरीब कारनामा कल (28 अक्टूबर ) को सिमरिया डायग्नोस्टिक सेंटर ने कर दिखाया है. जहां पियूष कुमार नामक 15 वर्षीय बालक को जांच के क्रम में न सिर्फ डेंगू निकाल दिया बल्कि एक दो घंटे में प्लेटलेट नहीं चढ़ाने पर उसकी जान जाने की बात कहकर परिजनों को दहशत में डाल दिया.
सेंटर के रिपोर्ट के आधार पर रेफरल अस्पताल के चिकित्सक ने उसे तुरंत रिम्स रेफर कर दिया. कर्ज लेकर आनन फानन में जब परिजन पियूष को लेकर रिम्स पहुंचे और उसकी जांच कराई गई तो डेंगू तो नहीं निकला बल्कि बच्चे का बीपी लो निकला. वहां उसे चिकित्सकों ने ग्लूकोज चढ़ाया और पियूष स्वस्थ हो गया. अब सवाल यह उठता है कि यहां जांच कैसे की जाती है और उसकी विश्वशनीयता कितनी है इसका आप अनुमान खुद लगा सकते हैं. अगर आपको अपनी जान गवानी हो तो सिमरिया डायग्नोस्टिक सेंटर में जांच जरूर कराएं.




