
Mumbai : महाराष्ट्र के मुख्मयंत्री उद्धव ठाकरे को ‘थप्पड़ मारने’ की बात कहने वाले केंद्रीय मंत्री नारायण राणे के खिलाफ महाराष्ट्र में विरोध तेज हो गया है. सत्तारूढ़ गठबंधन महाविकास अघाड़ी में शामिल शिवसेना ने राणे के घर पर पथराव कर दिया. तनाव के बाद भारतीय जनता पार्टी और शिवसेना आमने सामने आ गई हैं. खबर है कि औरंगाबाद में केंद्रीय मंत्री के विरोध में शिवसेना के सदस्यों ने चप्पल मारो आंदोलन किया.
हालांकि, राणे ने कहा है कि उन्होंने कोई भी अपराध नहीं किया. उनके खिलाफ नाशिक, पुणे और महाड़ में तीन एफआईआर दर्ज हुई हैं.
#WATCH | Maharashtra: A clash breaks out amid Shiv Sena workers, BJP workers and Police in Mumbai as Shiv Sena workers marched towards Union Minister Narayan Rane’s residence.
Union Minister Narayan Rane had given a statement against CM Uddhav Thackeray yesterday. pic.twitter.com/TezjDGGqAb
— ANI (@ANI) August 24, 2021
इसे भी पढ़ेंःअफ़ग़ान पॉप सिंगर अर्याना सईद ने पाकिस्तान को लताड़ा, भारत को कहा शुक्रिया
शिवसैनिक बोले, बिना सुरक्षा के यहां घूमकर दिखाएं
शिवसेना समर्थकों का राणे के घर के बार प्रदर्शन जारी है. मंगलवार को पार्टी के कई कार्यकर्ता राणे के आवास के सामने से झंडा लहराते हुए गाड़ियों से निकले. इस दौरान केंद्रीय मंत्री को चेतावनी भी दी गई है.
कार्यकर्ताओं ने उन्हें बगैर सुरक्षा के बाहर निकलने की चुनौती दी है. उन्होंने कहा कि नारायण राणे ने जो हमारे सीएम को लेकर गलत शब्द का प्रयोग किया है, हम इसका निषेध करते हैं और उसे चेलेंज करते हैं वो बिना सुरक्षा के यहां घूमकर दिखाएं.
इसे भी पढ़ेंःकोरोना की तीसरी लहर की आशंका के मद्देनजर PM MODI ने आज बुलाई अहम बैठक
राणे बोले, मुझे किसी कानूनी कार्रवाई या गिरफ्तारी का नोटिस नहीं मिला
पत्रकारों से बातचीत के दौरान राणे ने कहा, ‘मैंने कोई अपराध नहीं किया है. मेरी गिरफ्तारी की आ रही खबरें झूठी हैं. मुझे किसी कानूनी कार्रवाई या गिरफ्तारी का नोटिस नहीं मिला है.’ उन्होंने कहा, ‘पुलिस को पहले मेरे बयान की जांच करनी चाहिए कि क्या यह कोई अपराध की ओर जाता है. उन्हें यह समझना चाहिए कि केंद्र में हमारी सरकार है.’
इस दौरान उन्होंने भी सीएम ठाकरे को लेकर सवाल उठाया. उन्होंने कहा, ‘सीएम ठाकरे ने भी बीजेपी नेता प्रसाद लाल के लिए कुछ हफ्तों पहले ऐसा ही बयान दिया था. इसके खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की गई?’
इसे भी पढ़ें :सेंट्रल यूनिवर्सिटी के एडमिशन टेस्ट में शामिल होने के लिए एक सितंबर तक मौका, यूजी-पीजी में मिलेगा एडमिशन




