
Ranchi: छठी जेपीसी प्रतियोगिता परीक्षा के अंतिम परिणाम की त्रुटियों का समाधान करने के साथ राज्य की अन्य सरकारी नियुक्ति में पारदर्शिता कायम करने के लिए स्पष्ट नीति बने. इसी बात को लेकर विधायक बंधु तिर्की मुख्यमंत्री से मिले.
उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से कहा कि राज्य स्तर पर जेपीएससी और जेएसएससी जैसी संस्थाएं सरकारी नियुक्ति करती हैं पर सरकार की अस्पष्ट नियुक्ति नियमावली के अभाव में राज्य में जितनी भी नियुक्तियां हुईं सभी में विसंगतियां पायी गयी हैं.
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छठी जेपीएससी प्रतियोगिता परीक्षा प्रारंभ से आरक्षण नियमावली सहित प्रारंभिक परीक्षा फल प्रकाशन करने में अनियमितता की वजह से विवादों में रही. अब इसका अंतिम परिणाम प्रकाशित हुआ, जिसमें सेवाओं के आवंटन न्यूनतम कट ऑफ मार्क्स, मेधा सूची में निर्धारण में कई त्रुटियां सामने आ रही हैं.
त्रुटियों की अनदेखी नहीं कर सकती सरकार
इन परिस्थितियों में सरकार इन त्रुटियों की अनदेखी नहीं कर सकती है. छात्रों-बेरोजगारों के विश्वास और भरोसे को कायम रखना हम सबकी सामूहिक जिम्मेवारी भी है. मौके पर उन्होंने छठी जेपीएससी परीक्षा विवाद पर कहा कि सरकार स्क्रूटनी कमिटी गठित करे और रिजल्ट की स्क्रूटनी की जाये. इसके बाद ही आगे की कार्यवाही प्रारंभ की जाये.
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नियुक्ति नियमावली बने
साथ ही साथ उन्होंने राज्य में भविष्य में होनेवाली सेवाओं में नियुक्ति के लिए स्पष्ट नियुक्ति नियमावली बनाने की मांग की. उन्होंने कहा कि नियमावली से जो स्पष्ट हो जाये उसके बाद ही किसी तरह की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू की जाये.
आवश्यकता पड़ने पर सरकार नियुक्ति नियमावली को लेकर महाधिवक्ता से लिखित परामर्श ले. ऐसा करने से नियुक्ति प्रक्रिया में भविष्य में होनेवाली गड़बड़ियों को रोका जा सकेगा. साथ ही नियुक्ति की प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव नहीं होगा.
उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से राज्य हित में दूरदर्शिता और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए ऐसी व्यवस्था बनाने की मांग की जो राज्य हित में हो और भविष्य की कोई भी नियुक्ति अस्पष्ट नियमावली के अभाव में नहीं फंसे.
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