NEWS

निर्मला सीतारमण ने कहा- निवेश के लिए भारत से अच्छा कोई स्थान नहीं, सुधार के लिए प्रयासरत सरकार 

Washington: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा है कि निवेशकों को पूरी दुनिया में भारत से बेहतर कोई जगह नहीं मिलेगी जहां लोकतंत्र में यकीन करने के साथ ही पूंजीवाद का सम्मान किया जाता है.

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आइएमएफ) मुख्यालय में बातचीत के एक सत्र में सीतारमण ने दुनिया भर के निवेशकों को आश्वासन दिया कि सरकार नये सुधार लाने पर निरंतर काम कर रही है.

इसे भी पढ़ें- जानें झारखंड के कितने विधायक हैं दागी, IPC की कौन सी धारा के तहत चल रहा है माननीयों पर केस

भारत आज भी सबसे तेजी से विकसित हो रही अर्थव्यवस्था

उन्होंने बुधवार को कहा कि भारत आज भी सबसे तेजी से विकसित हो रही अर्थव्यवस्था है. इसके पास उत्कृष्ट कुशलता वाली श्रमशक्ति और ऐसी सरकार है जो सुधार के नाम पर जरूरी चीजों और इन सबसे ऊपर लोकतंत्र एवं विधि के शासन पर लगातार काम कर रही है.

निवेशक भारत में निवेश क्यों करें, इस सवाल के जवाब में सीतारमण ने कहा कि भले ही अदालती व्यवस्था में थोड़ी देरी हो जाती है लेकिन भारत एक पारदर्शी और मुक्त समाज है. उन्होंने कहा कि भारत में कानून व्यवस्था के साथ काम होता है और बहुत तेजी से सुधार हो रहे हैं, विलंबों को कम करने की दिशा में भी.

भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग परिसंघों के संघ (फिक्की) और अमेरिका भारत रणनीतिक और साझेदारी फोरम द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा, “इसलिए आपको भारत जैसा लोकतंत्र पसंद और पूंजीवाद का सम्मान करने जैसा स्थान नहीं मिलेगा.

इसे भी पढ़ें- #RTIAct में संशोधन के बाद मुख्य सूचना आयुक्त, सूचना आयुक्तों का कद घटाने की तैयारी में मोदी सरकार, ड्राफ्ट तैयार

सरकार “संकटग्रस्त” क्षेत्रों की समस्या को सुलझाने के लिए उठा रही कदम

बड़ी बीमा कंपनियों द्वारा इस क्षेत्र में निवेश पर लगी सीमा हटाने की अपील पर उन्होंने कहा कि सरकार को यह समझना होगा कि सीमा हटाने के अलावा इस क्षेत्र की और क्या उम्मीदें हैं.

सीतारमण ने कहा कि उनका रुख इसके प्रति लचीला है और वे उन्हें ब्यौरा भेज सकते हैं. हालांकि वित्त मंत्री ने कहा कि वह इस वक्त उन्हें किसी तरह का आश्वासन नहीं दे सकती हैं लेकिन इस दिशा में काम करेंगी.

भारतीय अर्थव्यवस्था की सुस्ती को लेकर उन्होंने कहा कि सरकार राजकोषीय घाटे को और नहीं बढ़ने देने को लेकर प्रतिबद्ध है. सरकार “संकटग्रस्त” क्षेत्रों की समस्या को सुलझाने के लिए कदम उठा रही है. 

Advertisement

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: