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NEWSWING IMPACT: थोक शराब कारोबार मामले में PIL, हेमंत सोरेन, बसंत सोरेन, विनय चौबे, पिंटू, जोगेंद्र तिवारी समेत 26 को बनाया पार्टी

Special Correspondent

Ranchi: झारखंड में थोक शराब नीति सरकार की तरफ से बदली गयी है. हाल ही में झारखंड बिवरेज कॉर्पोरेशन से यह काम लेकर निजी हाथों में दे दिया गया है. इसपर न्यूजविंग ने “झारखंडः शराब के थोक कारोबार पर ‘मिहिजाम-जामताड़ा सिंडिकेट’ का हुआ कब्जा” शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी.

इस खबर का हवाला देते हुए और कई तरह के दूसरे साक्ष्यों के आधार पर बोकारो निवासी उमेश कुमार ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका (पीआईएल) दायर की है. याचिकाकर्ता के वकील राजीव कुमार हैं. पीआईएल में दावा किया गया है कि सरकार ने शराब नीति बदल कर सिंडिकेट के हाथों में सारा कारोबार दे दिया. इसमें आरोप लगाया गया है कि सरकार की मदद से थोक शराब कारोबार में करीब 4500 करोड़ का घोटाला किया गया है. निजी हाथों में देने के बजाय शराब कारोबारी जोगेंद्र तिवारी के हाथों में सारा कारोबार थमा दिया गया है.

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हेमंत और बसंत सोरेन के अलावा 26 को बनाया पार्टी

याचिकाकर्ता ने पीआईएल में 26 लोगों को पार्टी बनाया है. जिन्हें पार्टी बनाया गया है, उनमें राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, उनके छोटे भाई विधायक बसंत सोरेन, जोगेंद्र तिवारी, अमरेंद्र तिवारी, अमित अग्रवाल, सीएम के प्रेस सलाहकार पिंटू उर्फ अभिषेक प्रसाद, प्रेम प्रकाश श्रीवास्तव, मंटू श्रीवास्तव, उत्पाद विभाग के प्रधान सचिव विनय चौबे, उत्पाद विभाग के ज्वाइंट कमिश्नर गजेंद्र कुमार के साथ-साथ जामताड़ा स्थित एसबीआई और पंजाब नेशनल बैंक के मैनेजर के अलावा वो तमाम शराब कंपनियां शामिल हैं, जिन्हें थोक कारोबार का काम मिला है.

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सभी व्यापारियों के बैंक अकाउंट संथाल परगना के

याचिका में कहा गया है कि ज्यादातर कारोबारियों ने जो बैंक डिटेल्स डिपार्टमेंट को दिये हैं, वो संथाल परगना के बैंकों के हैं. झारखंड में 24 जिले हैं. इनमें से 19 जिलों में शराब के थोक व्यापार का जिम्मा गोड्डा, जामताड़ा और दुमका के कारोबारियों को मिला है. बाकी पांच जिलों में धनबाद और रांची से जुड़े व्यवसायियों को यह जिम्मा मिला है, लेकिन सभी 24 जिलों में काम करने वाले कारोबारियों का रिश्ता संथाल परगना से ही है.

इस बात का खुलासा कारोबारियों की तरफ से दिये गये बैंक अकाउंट डिटेल्स कर रहे हैं. सभी कारोबारियों का बैंक एड्रेस संथाल परगना का ही है. इनमें भी ज्यादातर कारोबारियों के बैंक का पता मिहिजाम का है. यानी कारोबारी का पता कहीं का भी हो, लेकिन बैंक डिटेल्स पता संथाल परगना का ही है.

जानिए किस जिले में किसे मिला शराब के थोक कारोबार का जिम्मा

जिलाकंपनीपताबैंक का पता
रांचीकल्याणेश्वरी इंटरप्राइजेजधनबादजामताड़ा
कोडरमाआनंद ट्रेडरजामताड़ामिहिजाम
सरायकेल-खरसावांजमानी इंटरप्राइजेजगोड्डाजामताड़ा
खूंटीगुमरो इंटरप्राइजेजदुमकादुमका
गुमलाजमानी इंटरप्राइजेजगोड्डाजामताड़ा
गढ़वारुपुचक इंटरप्राइजेजजामताड़ामिहिजाम
लातेहाररुपुचक इंटरप्राइजेजजामताड़ामिहिजाम
पश्चिमी सिंहभूमविश्वा इंटरप्राइजेजगोड्डाजामताड़ा
पलामूविश्वा इंटरप्राइजेजगोड्डाजामताड़ा
धनबादबैद्यनाथ इंटरप्राइजेजजामताड़ामिहिजाम
बोकारोगुप्ता ट्रेडरदुमकामिहिजाम
दुमकामैय्हर डेवलपर्सरांचीमिहिजाम
हजारीबागबाशुकीनाथ ट्रेडर्सदुमकादुमका
पाकुड़मैय्हर डेवलपर्सरांचीमिहिजाम
पूर्वि सिंहभूममैय्हर डेवलपर्सरांचीमिहिजाम
गिरिडीहप्रशांत ट्रेडर्सदुमकादुमका
चतरामिश्रा वाइनदुमकादुमका
गोड्डामैय्हर होटल्स एंड प्राइवेट ली.देवघरदुमका
रामगढ़राजमहर ट्रेडर्सदुमकामिहिजाम
देवघरसरन अल्कोहल प्राइवेट लीदुमकामिहिजाम
साहेबगंजसंजीत हेब्रमजामताड़ामिहिजाम
सिमडेगासंथाल परगना बिल्डर्स प्राइवेट ली.रांचीदुमका
जामताड़ाअमेंद्र तिवारीएचयूएफ  जामताड़ामिहिजाम
लोहरदगाविद्या वाणिज्य प्र. लि.दुमकादुमका

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