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गिरिडीह में ही होंगे माता वैष्णो देवी के दर्शन, साईं सेवा आश्रम ने कराया गुफा का निर्माण

Giridih : अगर आप जम्मू के कटरा में गुफा के भीतर स्थापित मां आदि शक्ति के नौ रूपों के दर्शन नहीं कर पायें हो तो मायूस होने की जरूरत नहीं. आपकी यह इच्छा अब गिरिडीह में ही पूरी होगी. गिरिडीह शहर के बरमसिया में 14 साल पहले बने साईं सेवा आश्रम मंदिर में जम्मू के कटरा में मां आदि शक्ति की गुफा के तर्ज पर गुफा का निर्माण किया गया है. अंतर सिर्फ इतना है कि कटरा में भक्तगण माता वैष्णो देवी के दर्शन को जाते हैं तो गिरिडीह साईं सेवा आश्रम मंदिर की इस गुफा में धन, संपदा, वैभव, शक्ति, गायत्री के 12 अलग-अलग स्वरूपों के दर्शन होंगे.

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वैष्णो देवी की गुफा के तर्ज पर गिरिडीह के साईं सेवा आश्रम मंदिर परिसर में बड़ी गुफा का निर्माण किया गया है. वैसे तो इस गुफा के प्रवेश द्वार पर मां दुर्गे के नौ स्वरूप के वर्णन अलग-अलग तस्वीरों में हैं. लेकिन खास और रोचक बात ये है कि साईं सेवा आश्रम मंदिर की इस गुफा के भीतर नौ अलग-अलग नदियों की कलकल करती धारा के बीच हर किसी को मोक्ष प्रदान करनेवाली मां गंगा समेत सनातन धर्म के अनुसार धन, वैभव, संपदा और विद्या की अधिष्ठात्री समेत 12 स्वरूपों के दर्शन होते हैं.

गुफा का प्रवेश द्वार वैसे तो दैत्याकार है और नीचे उतरने के लिए आठ सीढ़ी है. जबकि गुफा के भीतर कल-कल करती नौ नदियों की धारा बीच सनातन धर्म में पूजनीय मानी जानेवाली मां गंगा, मां ललिता, मां सरस्वती, मां भुनेश्वरी, मां अन्नपूर्णा, मां पार्वती, मां राधिका, मां लक्ष्मी, मां गायत्री की मूर्ति स्थापित की गयी है.

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आश्रम के इस नवनिर्मित गुफा को तो वैसे सरस्वती पूजा के साथ दर्शन के लिए खोल दिया गया, लेकिन महामारी को देखते हुए आश्रम के संस्थापक और गुरु सीके रेड्डी और सेवादार बासुदेव पांडेय द्वारा पूरी तरह से दर्शन की अनुमति नहीं दी गयी थी.

लेकिन अब गुफा के भीतर दर्शन के लिए गुफा के द्वार भक्तों के लिए खोल दिये गये हैं. साल 2011 में दक्षिण भारत के तर्ज पर आंध्र प्रदेश के सीके रेड्डी ने इस आश्रम और मंदिर का निर्माण कराया. जहां पंचमुखी हनुमान के साथ पंचमुखी गणेश की भव्य मूर्ति है. तो आश्रम के भीतर अलग-अलग देवी देवताओं के मंदिर. जहां हर रोज आध्यात्म की शुरुआत लोगों द्वारा पूजा-अर्चना कर की जाती है. इतना ही नहीं गिरिडीह के इस आध्यात्मिक स्थल के दर्शन करने अब कई दूसरे राज्य के भक्त भी आते हैं.

शनिवार को आश्रम में प्रेसवार्ता कर संस्थापक सीके रेड्डी और सेवादार बासुदेव पांडेय ने न्यूज विंग से बातचीत के दौरान इस गुफा और गुफा के भीतर धन वैभव संपदा और माता गंगा की स्थापित मूर्ति की पूरी जानकारी दी.

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