
Bermo : पर्यावरण के नये मापदंड को लागू करने तथा प्रदूषण नियंत्रण को लेकर बेरमो अनुमंडल के बोकारो थर्मल स्थित डीवीसी के 500 मेगावाट के पावर प्लांट में अलग से 300 करोड़ की लागत से एफजीडी प्लांट के निर्माण की प्रक्रिया आरंभ कर दी गयी है.
300 करोड़ की लागत का काम टेक्नो कंपनी को डीवीसी द्वारा आबंटित किया गया है.
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प्रदूषण नियंत्रण के लिए जरूरी
वर्तमान में पावर प्लांटों में खपत होनेवाले कोयला में पाये जाने वाले व्यापक मात्रा में सल्फर से होनेवाले प्रदूषण पर रोक को लेकर तथा कोयला से सल्फर को हटाने की प्रक्रिया के लिए एफजीडी प्लांट को लगाना अनिवार्य कर दिया गया है.
उसी के तहत 500 मेगावाट के बोकारो थर्मल पावर प्लांट में एफजीडी प्लांट का निर्माण किया जायेगा. उक्त प्लांट के निर्माण के लिए पावर प्लांट स्थित पीपीएम भवन के पीछे की खाली टीलेनुमा जमीन का चयन किया गया है.
उक्त जमीन का समतलीकरण कर दिया गया है. समतलीकरण के बाद उक्त स्थान की मिट्टी को जांच के लिए कोलकाता (जादवपुर) या धनबाद भेजा जायेगा.
मिट्टी की जांच रिपोर्ट आने के बाद कोलकाता मुख्यालय से प्लांट निर्माण की डिजायन बनायी जायेगी. डिजाइन स्वीकृत होने के बाद प्लांट निर्माण का कार्य आरंभ किया जायेगा.
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प्रक्रिया में एक माह लगेगा
इस पूरी प्रक्रिया को संपन्न होने में लगभग एक माह का समय लगने की संभावना व्यक्त की जा रही है. प्लांट का कार्य आरंभ होने के बाद इसे दो वर्ष में पूरा किया जाना है.
कार्य आरंभ होने के बाद स्थानीय स्तर पर विस्थापितों एवं बेरोजगारों को कामों में समायोजन किया जायेगा.
इस संबंध में प्रोजेक्ट हेड कमलेश कुमार ने कहा कि 500 मेगावाट के नये प्लांट में पर्यावरण के नये मापदंड के तहत कोयला से सल्फर को हटाने की प्रक्रिया के लिए 300 करोड़ की लागत से एफजीडी प्लांट का निर्माण किया जाना है.
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